बालाघाट
खाद व बीज मामले को लेकर विधानसभा के समक्ष किया प्रदर्शन
किसानों को खाद उपलब्ध कराने में असमर्थ है सरकार-अनुभा मुंजारे

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बालाघाट(म0प्र0) : बालाघाट विधायक श्रीमती अनुभा मुंजारे ने प्रदेश सरकार पर किसानों की अनदेखी करने का आरोप लगाते हुये कहा कि वर्तमान में किसानों को रासायनिक खाद यूरिया व डीएपी की जरूरत है। लेकिन किसानों को खाद नहीं मिल रही है और किसान खाद के लिये परेशान हो रहे है। किसानों को कही से कोई संतोषप्रद जानकारी नही मिल रही है। किसानों को बाजार में व्यापारियों के यहां से खाद की महंगे दर पर खरीदी करनी पड़ रही है।
विधायक ने कहा कि यह सरकार पूंजीपतियों व व्यापारियों की है। सोसायटियों में खाद उपलब्ध कराने के बजाय व्यापारियों के गोदाम में खाद भर रही है। खाद का जो रेशो तय किया गया है उसमें भी सरकारी उपक्रम को कम और निजी कारोबारियों को अधिक खाद उपलब्ध करायी जा रही है। जिनके द्वारा गोदाम में भंडारित कर महंगे दामों में किसानों को बेची जा रही है। विधायक अनुभा मुंजारे ने कहा कि किसानों से इस सरकार को कोई सरोकार नहीं है। बल्कि किसानों को नकली खाद व बीज उपलब्ध करा रही है। बालाघाट जिला कृषि प्रधान जिला है। प्रदेश के अन्य जिलों की तरह यहां पर भी खाद की मारा मारी है। किसान खाद के लिये भटक रहे है। किसानों को खाद उपलब्ध नहीं हो रही है। जिसके लिये प्रदेश की डॉक्टर मोहन यादव की सराकर पूरी तरह से जिम्मेवार है।
विधायक अनुभा मुंजारे ने बताया कि वर्तमान में मानसून सत्र चल रहा है और इस सत्र के दौरान नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार के नेतृत्व में कांग्रेस विधायक दल द्वारा सरकार को विविध मुददों पर जगाने का कार्य किया जा रहा है। खाद को लेकर भी जगाने का प्रयास किया गया। विधानसभा के समक्ष खाद की बोरियों व नैनो खाद के डिब्बा लेकर प्रदर्शन किया गया। उन्होने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों के हितैषी होने का दंभ भर रही है। लेकिन किसानों से किये गये उनकी धान उपज 3100 रूपये प्रति किंवटल की दर पर खरीदी करने का वादा अब तक पूरा नहीं किया गया है।
मुख्यमंत्री द्वारा बालाघाट के प्रवास में किसानों को 4 हजार रूपये प्रति हेक्टेयर बोनस देने की घोषणा की गई थी। लेकिन उसे भी पूरा नहीं किया गया। अब जब किसान अपनी मेहनत से धान की फसल पका रहे है तो उन्हें अब खाद की उपलब्धता नहीं करायी जा रही है। किसान परेशान हो रहे और महंगे दर पर बिचौलिये के माध्यम से खाद खरीदी करने मजबूर है। किसानों का सरकार सरेआम शोषण करा रही है। इस महंगाई के दौर में किसान हर तरह से पिस रहा और अपने खेती को घाटा होने के बावजूद संभालने का कार्य कर रहे है। सरकार दावा करती है कि हम खेती को लाभ का धंधा बनायेगे लेकिन ऐसा कुछ नहीं है। किसानों को इस सरकार ने उसके हाल पर छोड़ दिया है। जिसकी जितनी निंदा की जाये व कम है।
विधायक अनुभा मुंजारे ने कहा कि मध्यप्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के पाँचवें दिन कांग्रेस विधायक दल ने किसानों की समस्याओं को लेकर प्रदर्शन किया था. उन्होंने कहा कि प्रदेशभर में खाद और यूरिया की भारी किल्लत से किसान परेशान हैं। समय पर खाद न मिलने से फसलें प्रभावित हो रही हैं और किसान महंगे दामों पर खुले बाजार से खाद खरीदने को मजबूर हैं।
कांग्रेस विधायक दल ने प्रतीकात्मक रूप से खाद की बोरियाँ और नैनो यूरिया की बोतलें लेकर विधानसभा पहुँचा और प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन किसानों की बदहाली और सरकार की बेरुखी के खिलाफ किया गया था।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार न तो समय पर खाद-बीज उपलब्ध करा पा रही है, न ही सिंचाई और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाए दे रही है. समर्थन मूल्य की गारंटी भी सिर्फ कागज़ों में रह गई है। मुख्यमंत्री किसानों को केवल घोषणाओं और विज्ञापनों के भरोसे छोड़ चुके हैं। अनुभा मुंजारे ने कहा कि कांग्रेस किसानों की इस लड़ाई में उनके साथ खड़ी है.हम हर मंच पर उनकी आवाज़ उठाते रहेंगे।



