सिंगरौली
पिकअप ने बाइक सवार को मारी टक्कर, एक की मौत, दूसरा घायल
मौत के शहर सिंगरौली में आज फिर एक घर का बुझा चिराग

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
सिंगरौली : सिंगरौली की सड़के अब खूनी सडक़ में तब्दील हो चुकी है वाहनों की रफ्तार पर कोई नियंत्रण नहीं है। माड़ा थाना क्षेत्र के सखौहा गांव में शुक्रवार को हुए सड़क हादसे में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना उस समय हुई जब एक तेज रफ्तार पिकअप वाहन जिसका नंबर mp66g2443 ने बाइक सवार दो युवकों को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि करसुआ राजा निवासी राममिलन शाह पिता पेवारू लाल शाह (45 वर्ष) की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, दूसरा युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। सूचना मिलते ही माड़ा थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और शव को अपने कब्जे में लेकर पंचनामा कार्यवाही शुरू की। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है।
घटना के बाद क्षेत्र में भारी तनाव का माहौल बन गया। घटनास्थल पर जुटे ग्रामीणों और राहगीरों ने सड़क पर चक्का जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने मुख्य मार्ग को पूरी तरह से बाधित कर दिया, जिससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात पूरी तरह से ठप हो गया। सूचना मिलते ही मौके पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। प्रशासन द्वारा लोगों को समझाने-बुझाने का प्रयास किया गया। वहीं मृतक के परिजन सदमे में हैं। और गांव में शोक की लहर दौड़ गई है। यह हादसा सिंगरौली जिले में सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर सवाल खड़ा कर गया है। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि इस मार्ग पर भारी वाहनों की रफ्तार पर नियंत्रण लगाया जाए ताकि इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। ख़बर लिखे जाने तक परिजनों और आम जनता का प्रदर्शन जारी रहा।
प्रशासन से नाराज जनता
सड़क हादसे के बाद जिला प्रशासन के खिलाफ जनता नाराज दिखी। स्थानीय लोगों में आक्रोश है और वे प्रशासन की लापरवाही के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। यह घटना सड़क सुरक्षा और प्रशासन की प्रतिक्रिया को लेकर चिंताएं बढ़ाती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन ने सड़क सुरक्षा के लिए पर्याप्त कदम नहीं उठाए, जिसके कारण यह हादसा हुआ। प्रदर्शनकारियों ने जिला प्रशासन से इस मामले में तत्काल कार्रवाई करने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।
हादशों को रोकने के लिए प्रशासन के पास नहीं है कोई प्लान?
यह घटना सड़क सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है,क्योंकि सिंगरौली में आये दिन भारी वाहनो से किसी ना किसी की जान जा रही खासकर कोयला परिवहन वाले वाहन से लेकिन इसके रोकथाम के लिए कोई ठोस कदम जिला प्रशासन के द्वारा नहीं उठाया जाता जिसकी वजह से पब्लिक काफ़ी आक्रोषित हो गयी है। जनता द्वारा भरी वाहनों को लेकर अलग से सड़क बनाये जाने की मुख्य मांग हैं। वे चाहते हैं कि भविष्य में ऐसी दुर्घटनाओं को रोकने के लिए सड़क सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं।
ज़िले में आये दिन हो रहा हादसा, नहीं चेत रहा प्रशासन
लोगों का कहना है कि आए दिन हो रहे सड़क हादसे के बाद न तो कंपनियों के आला अधिकारी चेते हैं और न ही प्रशासन के द्वारा कोई कार्रवाई की जा रही है। किलर रोड के नाम से विख्यात हो चुकी सिंगरौली की सड़को पर जगह-जगह कोल का परिवहन करने वाले अनेक ट्रेलर, हाइवा पार्क किए जा रहे हैं। यहां सिंगल लेन होने के कारण हादसों में दिनोदिन इजाफा होते जा रहा है। और ऐसे हालात में सड़को पर खड़े इन वाहनों से सड़क पर दौड़ते वाहन अनियंत्रित होकर टकरा रहे हैं, फलस्वरूप लोगों की जानें जा रही है। आए दिन हो रहे हादसों के बाद भी खड़े वाहनों पर कोई कार्रवाई न होना चर्चा का विषय बना हुआ है। ज्ञातव्य हो कि गत दिनों कई लोगो की मौते हो चुकी है।




