शिक्षामित्र की आत्मदाह धमकी के बाद पुलिस प्रशासन रहा चौकन्ना।

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
अमरोहा : तीन दिन पूर्व अमरोहा हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी शिक्षामित्र द्वारा पुलिस विभाग पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाते हुए कोतवाली गेट पर आत्मदाह करने की चेतावनी देते हुए सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल की थी वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस प्रशासन हरकत में आया और कोतवाली गेट पर भारी पुलिस तैनात रहा लेकिन शिक्षामित्र कोतवाली गेट पर आत्मदाह करने नहीं पहुंचा।कोतवाली क्षेत्र के गांव हथियाखेड़ा निवासी पूरन सिंह गांव मिलक घेर स्थित प्राथमिक विद्यालय में शिक्षामित्र के पद पर तैनात हैं, सोमवार की सुबह सोशल मीडिया पर शिक्षामित्र पूरन सिंह के द्वारा एक वीडियो वायरल की गई, जिसमें उन्होंने बताया कि 4 अगस्त की शाम को उनके परिवार का पड़ोसी दयाशंकर के परिवार के साथ किसी बात को लेकर विवाद हो गया था, दोनों पक्षों की ओर से कोतवाली में तहरीर दी गई थी ।लेकिन दयाशंकर की तहरीर के आधार पर मेरे पुत्रों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया था। जबकि मेरी तहरीर पर कोई भी कार्रवाई नहीं की गई। वीडियो में बताया कि ग्राम प्रधान जसवीर एवं कुछ अन्य लोगों द्वारा दोनों पक्षों को बैठाकर समझौता कराया गया था। समझौते के नाम पर डेढ़ लाख रुपए लिए गए थे। लेकिन दूसरे पक्ष की ओर से मुकदमा वापिस नहीं लिया गया, मेरे रुपए वापिस कराए जाए। इसी के साथ वीडियो में शिक्षामित्र ने चेतावनी दी है कि अगर तीन दिन के अंदर उसके पैसे वापस या उसे न्याय नहीं मिला तो वह कोतवाली गेट पर आत्मदाह करेगा। मंगलवार को तीन दिन पूरे होने पर पुलिस प्रशासन पूरी तरह से चौकन्ना रहा और कोतवाली गेट पर भारी पुलिस बल तैनात रहा, वहीं कोतवाली गेट के आसपास सादे कपड़ों में भी पुलिसकर्मी तैनात रहे। सूत्रों की मांने तो पुलिस प्रशासन द्वारा शिक्षामित्र के घर एवं गांव में भी सादे कपड़ों में पुलिस बल तैनात कर रखा था। वहीं पूरे दिन कोतवाली गेट पर पुलिस बल तैनात रहा लेकिन शिक्षामित्र पूरन सिंह नहीं पहुंचे।




