बेतुल
बैतूल व्हाइट टॉपिंग सड़क निर्माण में केंद्रीय मंत्री और विधायक भाजपा प्रदेशअध्यक्ष अविलंब संज्ञान

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बैतूल। बैतूल शहर में तीन करोड़ 15 लाख की लागत से बन रही व्हाइट टॉपिंग सड़क निर्माण कार्य में किस कदर भ्रष्टाचार और धांधली की जा रही है इस निर्माण कार्य को लेकर केंद्रीय मंत्री और विधायक भाजपा प्रदेश अध्यक्ष द्वारा अविलंब संज्ञान लेकर भ्रष्टाचार को रोकना चाहिए।निर्माणाधीन व्हाईट टॉप सडक़ निर्माण स्थल से तकनीक में सुपरविजन नदारद है ।निर्माण स्थल पर सुपरविजन संबंधी अनिवार्य दस्तावेज मौजूद नहीं रह रहे हैं।व्हाईट टॉपिंग सडक़ निर्माण में तमाम तकनीकी मापदंड ताक पर रखकर घटिया एवं गुणवत्ताहीन कार्य किया जा रहा है। पीडब्ल्यूडी की कार्यपालन यंत्री प्रीति पटेल यह दावा करती है कि वे प्रापर निरीक्षण कर रही है, लेकिन उनके इस दावे की पोल इसी बात से खुल जाती है कि निर्माण स्थल पर तकनीकी सुपरविजन संबंधी जो भी दस्तावेज है वह मौजूद ही नहीं रहते,जबकि नियम से यह रिकार्ड निर्माण स्थल पर ही मौजूद रहना चाहिए। बताया गया कि निर्माण स्थल पर प्रतिदिन साईट निरीक्षण रजिस्टर, क्यूब टेस्ट रजिस्टर, इंजीनियर के पर्ववेक्षण टीप का रिकार्ड, उपयोग किए जा रहे मटेरियल का स्टॉक रजिस्टर मौजूद रहना चाहिए। लेकिन ठेकेदार और जिम्मेदार अधिकारियों की तानाशाही देखिए जो कि रजिस्टर मौजूद नहीं रहता? इसके अलावा निर्माण ठेकेदार ने जो रेस्ट हाउस में अपना प्लांट बनाया है उसे प्लांट के लिए ठेकेदार द्वारा पर्यावरण विभाग से अनुमति नहीं ली गई है तथा वहां भी इस तरह का कोई रिकार्ड मौजूद नहीं है।यह सब बताता है कि इंजीनियर गौर, एसडीओ परमार के साथ-साथ प्रभारी कार्यपालन यंत्री प्रीति पटेल भी अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन नहीं करते हुए ठेकेदार को खुला भ्रष्टाचार करने की छूट दे रहे हैं। जिसके कारण सडक़ निर्माण में जो गुणवत्ता होनी चाहिए वह नजर नहीं आ रही है। जिसके कारण व्हाइट टॉपिंग सडक़ का भविष्य अभी से अंधकारमय नजर आ रहा है। लोगों का कहना है कि विधायक जो कि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष भी है उनकी जिम्मेदारी बनती है कि वह व्हाइट टॉपिंग सड़क मामले में तुरंत हस्तक्षेप करे अन्यथा आने वाली बारिश में यह सडक़ भी टूटना और उखडऩा शुरू हो जाएगी और तब तक ठेकेदार अपना पैमेंट और पीडब्ल्यूडी के जिम्मेदार अधिकारी,एसडीओ, इंजीनियर अपना कमीशन ले चुके होंगे और खामीयाजा बैतूलवासीयो को भुगतना पड़ेगा।



