वर्षों से धड़ल्ले से चल रहा है अवैध शराब का यह कारोबार
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
लोनी : लोनी-शाहदरा मुख्य मार्ग पर खुलेआम सड़क किनारे शराब पिलाकर कानून व्यवस्था की धज्जियाँ उड़ाई जा रही हैं। लोनी डिपो व पेट्रोल पंप के निकट हाथ ठेलियों पर जूस बेचने की आड़ में शराब पिलाने का धंधा बेखौफ तरीके से बेरोक टोक चल रहा है।
सबसे बड़ी विडंबना यह है कि यह गैरकानूनी कारोबार स्थानीय पुलिस और आबकारी विभाग की आँखों के सामने हो रहा है, फिर भी दोनों विभाग इस और से “अनजान” बने बैठे हैं।
सड़क किनारे मयखाना, सुबह से देर रात तक जाम पर जाम
शाहदरा-लोनी मार्ग पर गोलचक्कर से कुछ ही दूरी पर स्थित इन ठेलियों पर सुबह से लेकर देर रात तक शराब के शौकीन जाम से जाम टकराते देखे जा सकते हैं।
इन ठेलियों के आसपास हमेशा भीड़ रहती है, जिससे यहां से निकलते यात्री भी परेशान होते है। कई बार इन नशेड़ियों के बीच झगड़े, मारपीट और गाली-गलौज की घटनाएँ भी हो चुकी हैं। लेकिन पुलिस कार्यवाही करने की बजाय मामले को रफा-दफा कर देती है
महिलाओं के लिए बना यह क्षेत्र असुरक्षित इलाका
स्थानीय नागरिकों ने बताया कि इन ठेलियों के पास से निकलना महिलाओं व लड़कियों के लिए बहुत मुश्किल हो गया है।
शराब के नशे में चूर लोग राह चलती युवतियों व महिलाओं पर फब्तियाँ कसते हैं और कभी कभी तो अश्लील हरकतें करते हैं।
कई बार तो हालात इतने बिगड़ जाते हैं कि महिलाएँ वैकल्पिक रास्ते से गुजरने को मजबूर हो जाती हैं।
वर्षों से जारी है यह अवैध कारोबार
नागरिकों का कहना है कि दिल्ली-यूपी बॉर्डर के इस व्यस्त मार्ग पर यह गोरखधंधा पिछले लंबे समय से धड़ल्ले से चल रहा है।
न तो आबकारी विभाग को यह दिखता है, न स्थानीय पुलिस को इसमें कुछ ग़लत नजर नहीं आता है।
ऐसा प्रतीत होता है कि यह सब “संरक्षण” अवैध धनराशि प्राप्त किए बिना संभव ही नहीं है।
पुलिस व आबकारी विभाग की भूमिका संदिग्ध
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि ठेलियों पर जूस की आड़ में शराब पिलाने का यह अवैध धंधा पुलिस व आबकारी विभाग की शह पर फल-फूल रहा है।
रोजाना इन ठेलियों से मोटी रकम उगाही की जाती है, जिसके बदले में प्रशासन आँखें मूँदे बैठा है।
बढ़ रही हैं लूटपाट की घटनाएँ
रात के समय इन ठेलियों के आसपास लूटपाट की घटनाएँ भी बढ़ रही हैं। शराबियों की भीड़ और अराजक माहौल का फायदा उठाकर असामाजिक तत्व राहगीरों से छीना-झपटी करने से बाज नहीं आते हैं। घटना की शिकायत पुलिस से किये जाने पर पुलिस उल्टे पीड़ित को धमकाकर थाने से भगा देते हैं और घटना दर्ज तक नहीं हो पाती है।
स्थानीय लोगों ने बताया कि शिकायत करने पर पुलिस “कार्यवाही करेंगे” कहकर मामला ठंडे बस्ते में डाल देती है।
नागरिकों का फूटा गुस्सा
क्षेत्र के पीड़ित नागरिकों ने कहा कि वे जल्द ही इस पूरे प्रकरण को लेकर एक प्रतिनिधिमंडल बनाकर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) व आबकारी आयुक्त से मिलेंगे, ताकि इस अवैध कारोबार पर तुरंत अंकुश लगाया जा सके।
नागरिकों ने चेतावनी दी है कि अगर समय रहते कार्यवाही नहीं हुई, तो वे धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे।
“लोनी में कानून व्यवस्था सवालों के घेरे में, जिम्मेदार अधिकारी बने तमाशबीन।”
अब सवाल यह है कि —
क्या प्रशासन तभी जागेगा जब किसी बड़ी घटना के बाद हालात बेकाबू हो जाएंगे


