बेतुल
बैतूल आदिवासी समाज को अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने की आवश्यकता
सावलमेंढा में जयस ने किया सांस्कृतिक जागरूकता कार्यक्रम

शिक्षा और नशामुक्ति सहित वन अधिकार कानून की दी विस्तृत जानकारी
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बैतूल। जय आदिवासी युवा शक्ति (जयस) भैंसदेही इकाई द्वारा ग्राम सावलमेंढा में आदिवासी समाज की एकता और जागरूकता के उद्देश्य से आदिवासी सांस्कृतिक एवं जन जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मंच संचालन कपिल कवड़े ने किया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ. राजा धुर्वे ने कहा कि आज समाज के बच्चों को शिक्षा ग्रहण करने की अत्यंत आवश्यकता है, क्योंकि शिक्षा ही जागरूकता का माध्यम है और समाज को सशक्त बना सकती है।
जयस संरक्षक इंजीनियर राजा चंद्रशेखर धुर्वे ने अपने उद्बोधन में वन अधिकार कानून की विस्तृत जानकारी दी और समाज को अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने की बात कही। जयस के जिला अध्यक्ष संदीप धुर्वे ने कहा कि सावलमेंढा में आयोजित यह कार्यक्रम आदिवासी एकता की मिसाल है। उन्होंने कहा कि समाज को नशे से दूर रहना होगा, क्योंकि नशा ही समाज की जड़ों को कमजोर कर रहा है। नशे के कारण परिवार और समाज दोनों में विवाद, मुकदमे और आर्थिक परेशानियां बढ़ रही हैं।
जयस ब्लॉक प्रभारी सोनू पानसे ने कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों और ग्रामीण जनों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आने वाले समय में गांव-गांव में इस तरह के जनजागरण कार्यक्रम आयोजित कर आदिवासी समाज को जागरूक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि युवा वर्ग को सड़क सुरक्षा के प्रति सजग रहना चाहिए, बिना हेलमेट वाहन चलाना जीवन के लिए खतरा बन रहा है। हेलमेट पहनने से अनेक जानें बच सकती हैं, इसलिए हर युवा को इसका पालन करना चाहिए।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आदिवासी समाज के लोग उपस्थित रहे। इस अवसर पर जयस ब्लॉक अध्यक्ष दिनेश लोखंडे, कोषाध्यक्ष दुर्गादास मावस्कर, कार्याध्यक्ष तुलसीराम उइके, झल्लार मंडल अध्यक्ष अशोक उइके, उपाध्यक्ष दुर्गा चतुरकर, जयस ग्राम अध्यक्ष अभिषेक कुमरे सहित शिक्षकगण, सामाजिक कार्यकर्ता एवं जागरूक नागरिक बड़ी संख्या में मौजूद रहे।



