
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
अमरोहा मंडी धनौरा : नगर का हीरा फार्म्स शनिवार की देर शाम भावनाओं और प्रेरणा से सराबोर हो उठा, जब कमलेश जिंदल मेमोरियल चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा डॉ. बी.एस. जिंदल की 45 वर्षों की निरंतर सेवा को समर्पित स्वर्णिम उत्सव का आयोजन किया गया। यह अवसर केवल एक चिकित्सक की उपलब्धियों का नहीं, बल्कि मानवीय संवेदनाओं और समाजसेवा की मिसाल का उत्सव था।पेशे से चिकित्सक डॉ. जिंदल ने स्वास्थ्य, शिक्षा और मानव सेवा के क्षेत्र में चार दशक से अधिक समय से उल्लेखनीय कार्य किया है। उनकी जीवनसंगिनी स्वर्गीय कमलेश जिंदल ने भी निस्वार्थ भाव से निर्धन बालिकाओं की शिक्षा, जरूरतमंदों की सहायता और सामाजिक में अपना जीवन समर्पित किया। लायंस गर्ल्स इंटर कॉलेज धनौरा में सैकड़ों छात्राओं की फीस, यूनिफॉर्म और पुस्तकें उपलब्ध कराकर उन्होंने बेटियों को सशक्त बनाया।धार्मिक और सामाजिक कल्याण के क्षेत्र में भी जिंदल दंपति का योगदान अनुकरणीय रहा है। हरिद्वार, पंजाब, बद्रीनाथ, केदारनाथ, चित्रकूट, वाराणसी आदि तीर्थस्थलों पर दान-पुण्य, गौशालाओं को आर्थिक सहायता तथा लंगर भंडारों के संचालन से उन्होंने “सेवा ही धर्म” का आदर्श जीवंत किया। जिंदल हॉस्पिटल के माध्यम से हजारों मरीजों को निःशुल्क व रियायती उपचार मिला।कार्यक्रम में भाजपा विधायक राजीव तरारा, डॉ. सिद्दराज, डॉ. नरेश दत्त, वरिष्ठ अधिवक्ता सर्वेश शर्मा, पत्रकार महिपाल सिंह, भाकियू नेता दानवीर सिंह,वीरेश पाल सिंह, सुबोध देवरा, उद्यमी कृष्ण कुमार अग्रवाल, कृष्ण गोपाल अग्रवाल, कृष्णा गर्ग,कमल कुमार अग्रवाल, सुशील कुमार, विवेक अग्रवाल, सूरज अग्रवाल,सम्राट अग्रवाल, व्यापार सुरक्षा फोरम के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अनिल जैन तथा अजय कुमार गोयल सहित अनेक पदाधिकारी व प्रतिष्ठित हस्तियों ने भाग लिया। सभी ने डॉ. जिंदल के समाजसेवी योगदान की मुक्त कंठ से सराहना की और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।
यह आयोजन केवल डॉ. जिंदल व कमलेश जिंदल की सेवा का सम्मान नहीं, बल्कि समाज को यह संदेश देने वाला था कि सच्ची सफलता धन में नहीं, बल्कि दूसरों की मुस्कान बांटने में है। जिंदल परिवार का जीवन इस बात का प्रतीक है कि जब सेवा ही जीवन का उद्देश्य बन जाए, तो वह जीवन समाज के लिए प्रेरणा बन जाता है।



