
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
खैरथल : खैरथल-तिजारा जिले का नाम बदल कर भृतहरी नगर करने और जिला मुख्यालय को अन्य जगह ले जाने की सरकार की नियत के विरोध मे खैरथल मे चल रहा धरना 123 वे दिन भी जारी रहा!
धरने पर मौजूद लोगो नें शनिवार को किशनगढ़ बास में आये केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र सिंह के बयानों पर दुख प्रकट करते हुए कहा की धरने पर बैठने वाले भ्रम में है तो मुख्यालय का नाम स्पष्ट क्यों नहीं कर रहे है असली भ्रम फैलाने वाले वह स्वयं और मुख्यमंत्री है उन्हें स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए क्षेत्र का विकास हर कोई चाहता है विकास पर किसी को विरोध नहीं है लेकिन हमारी मांग केवल यह है जिला मुख्यालय नगरपरिषद खैरथल के क्षेत्र ही रखा जाये
जिले के युवा,किसान, व्यापारी व आम लोग रोज धरने पर पहुंच रहे है मगर सरकार की ओर से किसी भी स्तर पर कोई बातचीत नही की गई है ये धरना इतना लम्बे से चल रहा है कि अलवर, कोटपूतली-बहरोड,खैरथल-तिजारा जिले के ऐतिहासिक धरने में शुमार हो चुका है इतना लम्बा संघर्ष किसी भी मूद्दे पर आसपास के जिलो मे भी नही चला सरकार बातचीत से हल निकालती रही है पहली बार सरकार और प्रशासन की संवेदनहीनता देखने को मिली है! 123 दिन बाद भी कोई सुनवाई नही है धरने पर राजस्थान के सबसे बुजुर्ग विधायक जो राजस्थान मे अपनी सादगी और ईमानदारी के लिए जाने जाते है धरने पर है जबकि सरकार और उसके नुमांदे सत्ता के मद में चूर हैं यहां तक कि क्षेत्रीय विधायक को विकास कार्यो के लाकार्पण मे भी नही बुलाया जाता प्रोटोकाल की पालना भी नही की जाती,विधायक खैरिया का कहना है कि हर तरफ मनमानी चल रही है नैतिक मूल्यो मे ऐसी गिरावट राजनिति मे पहले कभी नहीं देखी गई,यह क्षेत्र की जनता का अपमान है
आज धरने पर बैठे लोगो ने बताया भजनलाल सरकार जनता के संधर्ष को लगातार अनदेखा कर रही है इतने समय से लोग धरने पर है आज तक सरकार ने कोई कदम नही उठाया है जिससे लोगों मे रोष व्याप्त है!
ऐसी स्थिति मे इस धरने का अंत और रिजल्ट क्या होगा भविष्य के गर्भ मे है
आज धरने पर विधायक दीपचंद खैरिया, गिरीश डाटा, नारायण छागाणी, दीपक चौधरी, वीर सिंह ढिल्लन, महेंद्र जांगिड़, मांगेराम चौधरी,सुल्तान सिंह, कप्तान चौधरी,श्यामलाल शर्मा,वेदप्रकाश कौशिक,निक्की प्रजापत, महेश,महेश वासु,अभिषेक , प्रहलाद गुप्ता,मातादीन बिसारिया,आकाश चेतवानी,अखलेश कौशिक,तनुज शर्मा, प्रहलाद गोयल, मुकेश गुर्जर, सीताराम गुर्जर, महेश खंडेलवाल, प्रमोद ठेकेदार आदि लोग मौजूद रहे


