राष्ट्रीय विज्ञान प्रतियोगिता में असमिया माध्यम के विद्यालयों का लहराया परचम।
असम के नॉर्थ गुवाहाटी गर्ल्स हाई स्कूल और आउनीआटी कमलदेव उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की बड़ी सफलता।

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
असम : राष्ट्रीय मंच पर एक बार फिर असम के सरकारी विद्यालयों ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। पूर्व की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए असम के नॉर्थ गुवाहाटी गर्ल्स हाई स्कूल ने दूसरी बार विप्रो अर्थियन पुरस्कार हासिल किया है, वहीं नॉर्थ गुवाहाटी के ही ऐतिहासिक आउनीआटी कमलदेव उच्चतर माध्यमिक विद्यालय ने पहली बार विप्रो अर्थियन पुरस्कार जीतकर असम का गौरव बढ़ाया है। विप्रो अर्थियन सतत शिक्षा कार्यक्रम एक अखिल भारतीय दीर्घकालिक पहल है, जो विद्यालयी शिक्षा के साथ सततता (सस्टेनेबिलिटी) को जोड़ते हुए राष्ट्रीय सतत विकास लक्ष्यों की ओर अग्रसर करता है। देशभर से प्राप्त 2000 से अधिक परियोजनाओं में से नॉर्थ गुवाहाटी गर्ल्स हाई स्कूल ने “सततता और जैव विविधता” विषय पर तथा आउनीआटी कमलदेव उच्चतर माध्यमिक विद्यालय ने “सततता और जल” विषय पर राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त किया। असम में इस कार्यक्रम को 2021 से उत्तर-पूर्व भारत की वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान संस्था, आराण्यक के पर्यावरण शिक्षा एवं क्षमता संवर्धन विभाग, समग्र शिक्षा असम (SSA) तथा अन्य स्थानीय साझेदारों के सहयोग से निरंतर लागू किया जा रहा है। इस पहल के माध्यम से छात्रों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता, व्यवहारगत परिवर्तन, तथा हाथों-हाथ परियोजनाओं, गतिविधि-आधारित शिक्षण और आलोचनात्मक सोच को बढ़ावा देने का प्रयास किया जा रहा है। विजेता टीमों को 29 से 31 जनवरी 2026 तक बेंगलुरु के अजीम प्रेमजी विश्वविद्यालय में आयोजित तीन दिवसीय वार्षिक पुरस्कार वितरण समारोह में सम्मानित किया जाएगा। नॉर्थ गुवाहाटी गर्ल्स हाई स्कूल की परियोजना की मार्गदर्शक, वरिष्ठ शिक्षिका एवं प्रकृति प्रेमी दुलुमणि राभा ने कहा कि विप्रो अर्थियन की सतत शिक्षा परियोजना छात्रों के लिए एक व्यवस्थित शिक्षण प्रक्रिया है, जिसके माध्यम से उन्होंने न केवल विद्यालय में अपशिष्ट प्रबंधन और स्थानीय जैव विविधता संरक्षण पर काम किया, बल्कि विद्यालय के बाहर भी नॉर्थ गुवाहाटी क्षेत्र में जागरूकता अभियान चलाए। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि छात्रों की कड़ी मेहनत, निष्ठा और रचनात्मकता का परिणाम है और असमिया माध्यम के सरकारी विद्यालय होते हुए भी सही मार्गदर्शन से राष्ट्रीय स्तर पर सफलता संभव है। नौवीं कक्षा की छात्रा अर्पिता दास, जो परियोजना की सदस्य हैं, ने बताया कि जैव विविधता परियोजना के तहत उन्होंने डॉल्फिन संरक्षण के लिए पास के फेरी घाट पर लोगों को जागरूक किया। विज्ञान शिक्षिका दुलुमणि राभा के नेतृत्व में पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कई महत्वपूर्ण कार्य करने का अवसर मिला और हाल में प्राप्त राष्ट्रीय सम्मान ने सभी छात्रों को और अधिक प्रेरित किया है। इधर, वर्ष 2025 का विप्रो अर्थियन राष्ट्रीय पुरस्कार नॉर्थ गुवाहाटी के ऐतिहासिक आउनीआटी कमलदेव उच्चतर माध्यमिक विद्यालय की छात्र टीम ने भी प्राप्त किया। देशभर की 2000 टीमों के बीच विद्यालय की टीम ने “सततता और जल” विषय पर परियोजना प्रस्तुत कर यह उपलब्धि हासिल की। परियोजना की मार्गदर्शक, वरिष्ठ शिक्षिका डॉ. आकाशी बरुआ ने कहा कि इस सफलता से विद्यालय में खुशी की लहर है। यह छात्रों की मेहनत, निष्ठा और सृजनशीलता का परिणाम है और यह मान्यता अन्य विद्यार्थियों को भी प्रेरित करेगी। विद्यालय की विजेता टीम में मयूर दास, अमल शर्मा, लब कलिता, जीत दत्त, कंकन कलिता और अंकुर दास शामिल थे। परियोजना की मार्गदर्शक विद्यालय की विज्ञान शिक्षिका डॉ. आकाशी बरुआ रहीं। आज विद्यालय के वार्षिक खेल सप्ताह के पुरस्कार वितरण समारोह में टीम को सम्मानित किया गया। विद्यालय की प्रभारी प्रधानाचार्या पूरबी भड़ाली ने सभी विद्यार्थियों को बधाई दी ।



