खैरथल
केंद्रीय पर्यावरण मंत्री के संसदीय क्षेत्र में भड़का जनआक्रोश
‘सेव अरावली’ की हुंकार, खैरथल की सड़कों पर उतरे युवा

सुप्रीम कोर्ट के फैसले के विरोध में तिरंगा रैली, पुनर्विचार की मांग तेज
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
खैरथल। सुप्रीम कोर्ट के हालिया फैसले के बाद अरावली पर्वतमाला को लेकर उपजा असंतोष अब सड़कों पर दिखाई देने लगा है। अरावली क्षेत्र से 100 मीटर तक की पहाड़ियों को संरक्षण दायरे से बाहर रखने के निर्णय के विरोध में शनिवार (20 दिसंबर) को खैरथल में युवाओं और पर्यावरण कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने शहीद हेमू कालाणी चौक से अग्रसेन चौक तक तिरंगे के साथ रैली निकालकर केंद्र व राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शन के साथ-साथ सोशल मीडिया पर भी ‘सेव अरावली कैंपेन’ तेज हो गया है। छात्र, युवा और पर्यावरण प्रेमी इस फैसले को पर्यावरण के लिए गंभीर खतरा बताते हुए व्यापक जनसमर्थन जुटा रहे हैं। सैकड़ों लोगों ने आरोप लगाया कि सरकार के प्रस्ताव पर सुप्रीम कोर्ट की मुहर से अरावली की रक्षा कमजोर हुई है और इसका सीधा असर पश्चिमी भारत के पर्यावरण संतुलन पर पड़ेगा।
इस आंदोलन को इसलिए भी विशेष महत्व मिल रहा है क्योंकि केंद्रीय पर्यावरण मंत्री और राज्य के पर्यावरण मंत्री दोनों का गृह जिला अलवर है। ऐसे में उनके ही संसदीय क्षेत्र में विरोध का उभरना सरकार के लिए असहज स्थिति माना जा रहा है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि पर्यावरण मंत्रालय के प्रस्ताव के आधार पर ही निर्णय हुआ, जिससे आमजन में रोष व्याप्त है।
वक्ताओं ने कहा कि अरावली पर्वतमाला केवल पहाड़ों की श्रृंखला नहीं, बल्कि जलवायु संतुलन, भूजल संरक्षण और जैव विविधता की जीवनरेखा है। जब खनन पर सुप्रीम कोर्ट की रोक थी, तब भी अवैध खनन से अरावली को भारी नुकसान पहुंचा, जिसमें प्रशासनिक और राजनीतिक मिलीभगत के आरोप लगते रहे। अब यदि खनन के रास्ते और खोले गए, तो विश्व की सबसे प्राचीन पर्वतमाला का अस्तित्व ही खतरे में पड़ सकता है।
प्रदर्शनकारियों ने चेताया कि अरावली कमजोर होने का सीधा असर भूजल स्तर, वर्षा चक्र और कृषि पर पड़ेगा। उन्होंने केंद्र और राज्य सरकार से तुरंत हस्तक्षेप करने तथा सुप्रीम कोर्ट से निर्णय पर पुनर्विचार करने की मांग की। साथ ही ऐलान किया कि यदि फैसला वापस नहीं लिया गया तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा।
रैली में ओमवीर रहीसा, प्रथम डाटा, करण छंगानी, हेमंत शर्मा, जीतू चंदवानी, अभि सैनी शिवम शर्मा, मोनू, संदीप, वेद गुप्ता, डिम्पल लोढ़ा, योगेश कोडवाणी, अभिनव जाट, चिराग, उमंग गुप्ता समेत सैकड़ो युवा मौजूद रहे!


