गाजियाबाद
गाजियाबाद में ब्लॉक स्तरीय खेल महोत्सव, युवाओं ने दिखाई खेल प्रतिभा
खेल व्यक्तित्व निर्माण और उज्ज्वल भविष्य की राह दिखाते हैं — देवेन्द्र कुमार

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
लोनी गाजियाबाद : युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार के सहयोग से मेरा युवा भारत द्वारा ब्लूम वर्ल्ड स्कूल, मथुरापुर परिसर में ब्लॉक स्तरीय खेलकूद प्रतियोगिता का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ विद्यालय के प्रबंधक सुशील नागर और प्रधानाचार्या श्रीमती ललिता नागर ने संयुक्त रूप से किया।
कार्यक्रम के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए मेरा युवा भारत गाजियाबाद के उपनिदेशक देवेन्द्र कुमार ने कहा कि खेल न केवल शरीर को मजबूत बनाते हैं, बल्कि जीवन, व्यक्तित्व और करियर को भी नई दिशा प्रदान करते हैं। उन्होंने बताया कि इस प्रतियोगिता का मकसद युवाओं को खेल गतिविधियों से जोड़ना, उन्हें स्वस्थ और सक्रिय जीवन शैली अपनाने के लिए प्रेरित करना तथा अनुशासन और खेल भावना का विकास करना है। यह मंच ग्रामीण और स्थानीय खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा सामने लाने का अवसर देता है।
उन्होंने कहा कि छोटे कस्बों और ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिभाशाली युवाओं की कमी नहीं है, लेकिन संसाधनों के अभाव में उनका मार्ग अवरुद्ध हो जाता है। मेरा युवा भारत ऐसे युवाओं को पहचानकर उनकी प्रतिभा निखारने के लिए सतत प्रयासरत है।
प्रतियोगिता में बालिकाओं के लिए खो-खो (टीम स्पर्धा), 200 मीटर व 100 मीटर दौड़ तथा बैडमिंटन शामिल रहे। वहीं बालक वर्ग में वॉलीबॉल (टीम स्पर्धा), 400 मीटर और 200 मीटर दौड़ के साथ कुश्ती का आयोजन किया गया।
परिणाम इस प्रकार रहे —
बालिका वर्ग की 200 मीटर दौड़ में इशिका प्रथम, काजल द्वितीय और भावना तृतीय रहीं। 100 मीटर दौड़ में निधि ने पहला स्थान, सोनी ने दूसरा तथा भावना ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। खो-खो में ब्लूम वर्ल्ड स्कूल की टीम विजेता बनी, जबकि सीडीआरएस स्कूल उपविजेता रहा। बैडमिंटन में कनिष्का ने जीत दर्ज की।
बालक वर्ग की 400 मीटर दौड़ में दीपक प्रथम, तनिष द्वितीय और लवीश तृतीय रहे। 200 मीटर दौड़ में जतिन ने पहला, विनीत ने दूसरा और वंश ने तीसरा स्थान हासिल किया। वॉलीबॉल में सीडीआरएस स्कूल की टीम ने बाजी मारी, जबकि ब्लूम वर्ल्ड स्कूल को दूसरा स्थान मिला।
प्रतियोगिता के संचालन में मास्टर बालचन्द नागर, सुनील नागर, पिंकी चौधरी, अर्चना, अभिषेक, पवन, वीरेंद्र और आदित्य का विशेष योगदान रहा, वहीं खुशी और वैष्णवी का सहयोग भी सराहनीय रहा।
समापन सत्र में विजेता खिलाड़ियों को प्रमाणपत्र और स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। साथ ही निर्णायक मंडल के सदस्यों एवं स्वयंसेवकों को भी मेडल, प्रमाणपत्र और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया।



