असम के कामरूप जिले में वन अधिकार अधिनियम 2006 के तहत भूमि स्वामित्व पत्र वितरण कार्यक्रम में उपस्थित मत्री रणोज पेगू।

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
असम : वन अधिकार अधिनियम 2006 के तहत वन क्षेत्रों में निवास करने वाले पात्र जनजातीय परिवारों को भूमि अधिकार प्रदान करने के उद्देश्य से गुरुवार को असम के कामरूप जिले के बामुनीगांव के शांति निजरा क्लब में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में असम के शिक्षा एवं जनजाति कल्याण विभाग के मंत्री डॉ. रणोज पेगू मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित होकर पात्र जनजातीय परिवारों को भूमि स्वामित्व पत्र औपचारिक रूप से वितरित किए।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री डॉ. रणोज पेगू ने कहा कि वन क्षेत्रों में निवास करने वाले जनजातीय लोगों ने युगों से प्रकृति के साथ सामंजस्य बनाकर जीवन यापन किया है तथा वन संरक्षण एवं जैव विविधता संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने साथ ही उल्लेख किया कि वन क्षेत्रों में निवास करने वाले वास्तविक जनजातीय परिवारों को भूमि अधिकार सुनिश्चित करने के साथ-साथ वन क्षेत्र संरक्षण एवं वन्यप्राणी सुरक्षा की दिशा में भी समान महत्व प्रदान करना अत्यंत आवश्यक है। इसके अलावा मंत्री ने सभी से वन संसाधनों के प्रबंधन को सुनिश्चित करने के लिए एकजुट होकर कार्य करने का आह्वान किया ताकि भविष्य की पीढ़ियों के लिए पर्यावरणीय संतुलन अक्षुण्ण रहे। कार्यक्रम के उद्घाटन भाषण में कामरूप जिले के जिला आयुक्त एवं जिला वन अधिकार समिति के अध्यक्ष देव कुमार मिश्र ने कहा कि असम सरकार की पहल से भूमि अधिकार सुनिश्चित करने के लक्ष्य से उठाए गए इस कदम के माध्यम से कुल 6,427 परिवारों को भूमि अधिकार प्राप्त हो चुके हैं। उन्होंने साथ ही कहा कि यह व्यवस्था पात्र जनजातीय परिवारों के लिए भूमि सुरक्षा सुनिश्चित करने के साथ-साथ उनके सामाजिक एवं आर्थिक उत्थान में भी सहायक होगी। कार्यक्रम में राभा हाचंग स्वायत्त शासित परिषद के कार्यकारी सचिव, जिला प्रशासन के अधिकारी-कर्मचारी, वन विभाग के अधिकारी, स्थानीय जनप्रतिनिधियों के अलावा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।



