
लखनऊ : उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आज एक ऐतिहासिक आयोजन हुआ, जिसमें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश पुलिस दूरसंचार विभाग के लिए चयनित 1,494 युवाओं को नियुक्ति पत्र वितरित किए। इस भव्य समारोह में 1,374 सहायक परिचालकों और 120 कर्मशाला कर्मचारियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए गए, जो योगी सरकार के ‘मिशन रोजगार’ और पुलिस बल के आधुनिकीकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
पारदर्शिता और निष्पक्षता का प्रतीक
उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (UPPBPB) द्वारा आयोजित इस चयन प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष बताया गया। लिखित परीक्षा, दस्तावेज सत्यापन, और शारीरिक मानक परीक्षा जैसे चरणों के माध्यम से चयनित इन युवाओं को अब पुलिस दूरसंचार विभाग में संचार और तकनीकी सेवाओं को मजबूत करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में कहा, “2017 से पहले भर्ती प्रक्रियाएँ भ्रष्टाचार और भाई-भतीजावाद से ग्रस्त थीं। हमारी सरकार ने निष्पक्षता को प्राथमिकता दी, जिसके परिणामस्वरूप आज उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती में देश में अग्रणी है।” उन्होंने यह भी बताया कि 2017 के बाद से राज्य में 2,17,500 से अधिक पुलिस कर्मियों की भर्ती की गई है, जो एक रिकॉर्ड है।
मिशन रोजगार: युवाओं का सशक्तिकरण
‘मिशन रोजगार’ के तहत यह आयोजन उत्तर प्रदेश सरकार की उस प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है, जिसके अंतर्गत अब तक 8.5 लाख से अधिक सरकारी नौकरियाँ, 3.75 लाख संविदा नियुक्तियाँ, और 2 करोड़ से अधिक निजी क्षेत्र व MSME में रोजगार के अवसर सृजित किए गए हैं। इस नियुक्ति के माध्यम से न केवल युवाओं को रोजगार मिला, बल्कि पुलिस बल की तकनीकी क्षमता को भी बढ़ावा मिलेगा।
पुलिस बल का तकनीकी आधुनिकीकरण
नियुक्त 1,374 सहायक परिचालक पुलिस संचार प्रणालियों को सुचारू बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे, जो आपातकालीन स्थिति और अपराध नियंत्रण में सहायक होगा। वहीं, 120 कर्मशाला कर्मचारी तकनीकी उपकरणों के रखरखाव और उन्नयन में योगदान देंगे। मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रशिक्षण क्षमता को 3,000 से बढ़ाकर 60,244 तक करने से पुलिस बल को और सशक्त किया जा रहा है।
महिलाओं की बढ़ती भागीदारी
योगी सरकार के कार्यकाल में पुलिस बल में महिलाओं की भागीदारी में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। हाल की 60,244 सिपाहियों की भर्ती में 12,048 महिलाएँ शामिल थीं, जो लैंगिक समावेशिता को दर्शाता है।
युवाओं के लिए प्रेरणा
मुख्यमंत्री ने चयनित युवाओं को संबोधित करते हुए कहा, “आपके कंधों पर प्रदेश की सुरक्षा और कानून व्यवस्था को मजबूत करने की जिम्मेदारी है। यह नियुक्ति न केवल आपका भविष्य उज्ज्वल करेगी, बल्कि उत्तर प्रदेश को निवेश और विकास का केंद्र बनाएगी।” उन्होंने यह भी जोड़ा कि निष्पक्ष भर्ती प्रक्रिया ने युवाओं में विश्वास जगाया है और उत्तर प्रदेश को रोजगार सृजन में अग्रणी बनाया है।
यह नियुक्ति पत्र वितरण समारोह न केवल रोजगार सृजन की दिशा में एक मील का पत्थर है, बल्कि उत्तर प्रदेश पुलिस को तकनीकी रूप से सशक्त और आधुनिक बनाने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम है। यह आयोजन योगी सरकार की उस दृष्टि को साकार करता है, जिसमें हर युवा को अपनी प्रतिभा के आधार पर अवसर मिले और प्रदेश विकास के नए आयाम छूए।



