
कैराना। पति-पत्नि के पवित्र रिश्ते को कलंकित करते हुए मेहफरीन के बाद आसमीन ने अपने सुहाग को उजाड़ कर अपने ही पति के खून अपने हाथ रंग लिए। आसमीन मेहफरीन से भी दो कदम आगे निकली उसने अपने भाई व प्रेमी के साथ मिलकर आने पति की जान ले ली।
कहते हैं इश्क अंधा होता है,जिसमे किसी भी अंजाम की परवाह किये बगैर ही खूनी कदम उठा लिया जाता है। एसा कुछ कस्बा कैराना की धरती पर देखने को मिला है।
विगत गुरुवार की प्रातः हिरयाणा के गांव झारागढ़ी थान गन्नोर निवासी शाहनवाज़ पत्नी के साथ बाइक पर सवार होकर गांव इस्सोपुर खुरगान में रिश्ते के साले इमलाक की शादी में जाते समय बेवफा पत्नी मेहफरीन अपने प्रेमी तसव्वर निवासी गाँव भूरा के साथ मिलकर पति की गोली मारकर व गर्दन काटकर निर्मम हत्या करा दी थी। पुलिस ने मात्र 6 घण्टे के हत्याकांड का खुलासा करते हुए मुख्य हत्यारोपी सहित उसके एक साथी को गिरफ्तार कर लिया था। बाद में हत्यारिन पत्नी को भी जेल भेज दिया गया था।
शनिवार की रात्रि आसमीन ने दी कदम आगे निकलते हुए अपने सुहाग को अपने सगे भाई हारून निवासी फतेहपुर पुट्ठी थाना बिनोली व प्रेमी इन्तिज़ार निवासी कांधला के साथ मिलकर पति की चाकुओं से गोदकर निर्मम हत्या करा दी। यमदूत बनी पत्नियां अब अपने ही सुहाग को उजड़ने के लिए काल बन गई हैं और पति-पत्नी के पवित्र रिश्ते को कलंकित कर दिया गया है।