
नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
पाकुड़। उपायुक्त ने भेटाटोला पंचायत के कालिदासपुर गांव में नाबार्ड प्रायोजित धरनी पहाड़ जलछाजन परियोजना अन्तर्गत लगाए गये काजू बागान का निरीक्षण किया। उपायुक्त मनीष कुमार ने गुरुवार को भेटाटोला पंचायत के कालिदासपुर गांव में नाबार्ड प्रायोजित धरनी पहाड़ जलछाजन परियोजना के अन्तर्गत लगाए गये काजू बागान का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उपायुक्त श्री मनीष कुमार ने कहा कि पाकुड़ जिले में नाबार्ड के सहयोग से कई पैचों में उत्कृष्ट कार्य किया गया है। लगभग 500 एकड़ क्षेत्र में काजू और आम के पौधारोपण का कार्य किया गया है, जिससे जिले के किसानों की आमदनी में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।उन्होंने कहा कि स्थानीय किसान भाइयों ने अपने कृषि कार्यों में विविधता लाकर (क्रॉप डायवर्सिफिकेशन) न केवल अपनी आय बढ़ाई है, बल्कि अनुपजाऊ भूमि (बैरन लैंड) को भी उत्पादक बना लिया है। जल संचयन के लिए चेक डैम जैसी संरचनाएं बनाकर किसानों ने पानी का संरक्षण किया है और उसी जल का उपयोग अपने प्लांटेशन के लिए किया जा रहा है, जो एक अत्यंत सराहनीय और प्रेरणादायक पहल है। उपायुक्त ने कहा कि यह परियोजना जल-संरक्षण, मिट्टी संरक्षण और हरित आवरण विस्तार के साथ-साथ ग्रामीण आजीविका को सशक्त बनाने की दिशा में एक सफल मॉडल के रूप में उभर रही है। धरनी पहाड़ परियोजना का यह इंटीग्रेटेड फार्मिंग मॉडल जिले के अन्य प्रखंडों में भी अपनाने का प्रयास किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक किसान इसका लाभ प्राप्त कर सकें। निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने पौधारोपण की प्रगति, पौधों की वृद्धि एवं रख-रखाव की जानकारी ली। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को पौधों की नियमित निगरानी, सिंचाई व्यवस्था एवं सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उपायुक्त मनीष कुमार ने कहा कि “इस परियोजना का उद्देश्य क्षेत्र में हरित आवरण बढ़ाना, मिट्टी एवं जल संरक्षण को प्रोत्साहित करना तथा स्थानीय लोगों को आजीविका के नए अवसर प्रदान करना है। काजू प्लांटेशन से ग्रामीणों की आमदनी में वृद्धि होगी और यह पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी एक प्रभावी कदम है। निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागीय पदाधिकारी, तकनीकी विशेषज्ञ एवं परियोजना से जुड़े कर्मी उपस्थित थे।



