खतौनी खिड़की पर जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने संभाली कमान
किसानों ने कहा—“ऐसा सुशासन पहले कभी नहीं देखा”

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बागपत : तहसील दिवस के बाद जिलाधिकारी अस्मिता लाल ने बिना पूर्व सूचना के सीधे खतौनी खिड़की पर पहुँचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। हैरानी तब हुई जब उन्होंने स्वयं कंप्यूटर डेस्क पर बैठकर किसानों की खतौनी निकालना शुरू कर दी। डीएम द्वारा एक-एक किसान का नाम पुकारकर खतौनी अपने हाथों से सौंपना किसानों के लिए अभूतपूर्व क्षण रहा।
किसानों ने कहा कि आज पहली बार प्रशासन को इतनी संवेदनशीलता से काम करते देखा है। निरीक्षण के दौरान डीएम ने 15 रुपये सेवा शुल्क को स्पष्ट बोर्ड पर लिखने, बैठने की व्यवस्था, पानी, स्वच्छता, और काउंटर पर कतार कम करने के निर्देश दिए। नामांतरण और संशोधन में देरी की शिकायत पर संबंधित अधिकारियों को मौके पर ही निर्देशित किया गया।
अस्मिता लाल ने साफ कहा कि तहसील परिसर में दलालों और अवैध वसूली को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसानों ने इस पहल को “जनकेन्द्रित सुशासन” बताते हुए सराहा।
निरीक्षण के दौरान एसडीएम अमरचंद वर्मा भी मौजूद रहे।



