बागपत

नैचुरोपैथी के विशेषज्ञ: डॉ. राजवीर सिंह इंसा

 चरणसिंह विहार, बड़ौत – सैकड़ों मरीजों को प्राकृतिक चिकित्सा से लाभ
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
बागपत। बड़ौत के चरणसिंह विहार निवासी नैचुरोपैथी विशेषज्ञ डॉ. राजवीर सिंह इंसा पिछले कई वर्षों से प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति के माध्यम से लोगों का इलाज कर रहे हैं। बिना दुष्प्रभाव वाली चिकित्सा पद्धति और जीवनशैली सुधार पर आधारित उपचार के कारण क्षेत्र के सैकड़ों मरीज लाभान्वित हो चुके हैं। प्रस्तुत है उनसे विशेष बातचीत—
 प्रश्न 1: डॉ साहब, आपने नैचुरोपैथी को ही क्यों चुना?
उत्तर:
मैंने देखा कि आधुनिक जीवनशैली के कारण अधिकांश बीमारियां खान-पान और तनाव से जुड़ी हैं। नैचुरोपैथी शरीर की स्वाभाविक रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाती है। इसमें दवाओं के बजाय प्रकृति—जैसे जल, मिट्टी, सूर्य, आहार और योग—से उपचार किया जाता है। यही कारण है कि मैंने इस पद्धति को अपनाया।
 प्रश्न 2: आप किन-किन बीमारियों का उपचार कर रहे हैं?
उत्तर:
हम मुख्य रूप से निम्न समस्याओं पर कार्य कर रहे हैं—
शुगर (डायबिटीज)
हाई ब्लड प्रेशर
मोटापा
जोड़ो का दर्द
गैस, कब्ज और पाचन संबंधी रोग
त्वचा रोग
माइग्रेन और तनाव
कई मरीज ऐसे हैं जो वर्षों से दवाइयों पर निर्भर थे, लेकिन प्राकृतिक चिकित्सा से उन्हें राहत मिली।
 प्रश्न 3: आपका उपचार किस प्रकार से अलग है?
उत्तर:
हम केवल रोग नहीं, बल्कि रोग के कारण को समझते हैं। हर मरीज का अलग डाइट प्लान, योगाभ्यास और प्राकृतिक थेरेपी तय की जाती है।
एक्यूप्रेशर
मिट्टी चिकित्सा
जल चिकित्सा
हर्बल उपचार
उपवास चिकित्सा
इन सभी का संयोजन रोगी की स्थिति के अनुसार किया जाता है।
 प्रश्न 4: क्या मरीजों को तुरंत लाभ मिलता है?
उत्तर:
नैचुरोपैथी कोई जादू नहीं है। यह धैर्य और अनुशासन मांगती है। जो मरीज नियमित रूप से परहेज और निर्देशों का पालन करते हैं, उन्हें निश्चित रूप से सकारात्मक परिणाम मिलते हैं।
 प्रश्न 5: युवाओं और बच्चों के लिए आपका क्या संदेश है?
उत्तर:
आज की पीढ़ी जंक फूड और मोबाइल लाइफस्टाइल की ओर अधिक झुकी हुई है। यदि वे समय रहते प्राकृतिक जीवनशैली अपनाएं—सुबह जल्दी उठें, योग करें, संतुलित आहार लें—तो भविष्य की कई बीमारियों से बच सकते हैं।
 मरीजों की प्रतिक्रिया
चरणसिंह विहार और आसपास के क्षेत्रों से आए कई मरीजों ने बताया कि उन्हें वर्षों पुरानी समस्याओं से राहत मिली है। खासकर शुगर और मोटापे के मरीजों में सकारात्मक परिवर्तन देखने को मिला है।
 भविष्य की योजना
डॉ. राजवीर सिंह इंसा का लक्ष्य है कि बड़ौत और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में प्राकृतिक चिकित्सा के प्रति जागरूकता बढ़ाई जाए, ताकि लोग दवाइयों पर निर्भर रहने के बजाय स्वस्थ जीवनशैली अपनाएं।
प्राकृतिक चिकित्सा आज के दौर में एक सुरक्षित और प्रभावी विकल्प बनती जा रही है। बड़ौत के चरणसिंह विहार में कार्यरत डॉ. राजवीर सिंह इंसा की सेवाएं क्षेत्र के लोगों के लिए स्वास्थ्य की नई उम्मीद बनकर सामने आई हैं।
 संवाददाता – सुरेंद्र मलानिया
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