शामली
दुकानों की सीलिंग और ध्वस्तीकरण के नोटिस पर व्यापारियों ने जताई चिंता

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
शामली। उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल उत्तर प्रदेश ने आवासीय कॉलोनियों और पुराने शहर के क्षेत्रों में दुकानों को सील करने तथा ध्वस्तीकरण के नोटिस जारी किए जाने पर चिंता जताई है। संगठन ने मुख्यमंत्री को डीएम के माध्यम से ज्ञापन भेजकर आवासीय परिसरों में दुकान चलाने की अनुमति देने और विकसित बाजारों को नियमित करने के लिए कानून बनाने की मांग की है।
ज्ञापन में कहा गया कि विकास प्राधिकरण और आवास विकास परिषद की ओर से विकसित कॉलोनियों में पर्याप्त बाजारों की व्यवस्था नहीं की गई थी। ऐसे में व्यापारियों ने अपने स्तर पर दुकानें और बाजार विकसित किए। व्यापारी कमर्शियल बिजली बिल, हाउस टैक्स, जीएसटी और आयकर सहित विभिन्न करों के माध्यम से सरकार को राजस्व दे रहे हैं। इसके बावजूद आवासीय क्षेत्रों में व्यावसायिक गतिविधियों और निर्माण को अवैध बताकर नोटिस जारी किए जा रहे हैं।
व्यापारियों ने आरोप लगाया कि उच्चतम न्यायालय में आवास विकास के अधिकारियों की ओर से तथ्यों को सही तरीके से प्रस्तुत नहीं किया गया। उन्होंने न्यायालय के आदेश की आड़ में सीलिंग और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई किए जाने का भी आरोप लगाया।
ज्ञापन में आवासीय परिसरों में दुकान खोलकर व्यापार करने की अनुमति देने के लिए कानून बनाने, विकसित बाजारों और कॉलोनियों को नियमित करने, ध्वस्त दुकानों व भवनों के पीड़ितों के पुनर्वास की व्यवस्था करने तथा अवैध निर्माण के मामलों में संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय कर उनके खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की गई। इस दौरान जिलाध्यक्ष किशन कुमार मौजूद रहे।



