मोदी की ग्यारंटी में ग्रहण

नक्सली ग्रामों में मोबाईल नेटवर्क बड़ी समस्या
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो ।
बालाघाट(म0प्र0): देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारतीय जनता पार्टी का ड्रीम प्रोजेक्ट डिजिटल इंडिया को पलिता लगाती नक्सल प्रभावित ग्रामपंचायतो में मोबाईल नेटवर्क की प्रबल समस्या l बालाघाट अति नक्सल प्रभावित सूची से हट गया है । मगर नक्सली क्षेत्र में विकास की गति धीमी है। जिला मुख्यालय से 90 किलोमीटर दूर जनपद पंचायत बिरसा की ग्राम पंचायत डाबरी में मोबाइल नेटवर्क के लिए कर्मचारी भटकते रहते हैं।ऑनलाइन हाजिरी के लिए दूर पहाड़ी में जाती है आंगनबाड़ी की महिलाएं । नेटवर्क नहीं होने से सभी तरह के सरकारी काम ठप रहते हैं।
बड़ी मुश्किल से आनलाइन हाजिरी
ग्राम पंचायत के करीब पांच ग्राम की दो हजार से अधिक आबादी शासन की आनलाइन मिलने वाली योजनाओं के लिए संघर्षरत हैं। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता आनलाइन हाजिरी के लिए ताला खोलने से पहले नेटवर्क के लिए पहाड़ी पर जाती है। स्कूल के शिक्षक, छात्रावास और स्वास्थ्य केन्द्र के अमले ने आनलाइन कार्य के लिए नेटवर्क वाले क्षेत्र में जाने की आपस में ड्यूटी बांट रखी है। पोस्ट आफिस का बैंकिग कार्य कार्यालय से दूर जंगल व पहाड़ी के पास जहां नेटवर्क मिलता है वहीं पर चलता है।
नेटवर्क के लिए तरसते ग्रामीण
ग्राम पंचायत के ग्राम लातरी में बड़ी संख्या में गांव से दूर एक पेड़ के नीचे ग्रामीण नजर आए। रोजगार सहायक सुखचंद कुर्सी पर लैपटाप खोलकर बैठा था। जिसे ग्रामीणों ने घेर रखा था। कुछ ग्रामीण खड़े थे तो कुछ बैठे थे। हर कोई यही पूछता था ग्रामीण रोजगार सहायक से कि क्या नेटवर्क आया। वह ना कहता तो सब मायूस हो जाते।
आनलाइन कार्य पर परेशानी
ग्राम पंचायत सरपंच चुन्नीलाल उइके सचिव छतर सिंह मरावी रोजगार सहायत व ग्रामीणों ने एक साथ बताया कि समग्र केवाईसी, पेंशन आवेदन, संबल योजना, मनरेगा योजना अंतर्गत निर्माण कार्यों का जीओटेक । वर्क रजिस्ट्रेशन, डिमांड डालना, मस्टररोल जेनरेट करना। मजदूरों की आनलाइन हाजिरी, मस्टर रोल फील करने आदि कार्य के लिए एकत्र हुए हैं। उनका कहना है कि जब भी कोई आनलाइन कार्य होता है तो हम लोगों की परेशानी बढ़ जाती है।
नेटवर्क ढूंढते कर्मचारी
ग्राम पंचायत सचिव का कहना है कि जनपद पंचायत स्तर से आनलाइन कार्य का लक्ष्य व समय तय किया गया है। यदि समय पर कार्य नहीं किए गए तो वेतन काटने सहित अन्य कार्रवाई होगी। उधर जनपद पंचायत बिरसा का कहना है कि जहां नेटवर्क मिलता है वहीं से कार्य करना है।
चुन्नीलाल उइके सरपंच ग्राम पंचायत डाबरी का कहना हैं:- ग्राम पंचायत में मोबाइल नेटवर्क एक बड़ी समस्या है। इसको लेकर कई बार कलेक्टर से मिलकर शिकायत की गई है। बीते दिवस एक बैठक में भी इस बात को मजबूती से रखा गयाए लेकिन अभी तक इस समस्या का समाधान नहीं हो पाया है।
मृणाल मीना,कलेक्टर बालाघाट , बीएसएनएल के उच्चस्तरीय अधिकारियों से बात चल रही है। नेटवर्क लगाने का कार्य जिले में शुरू हो गया है। जल्द ही ग्राम पंचायत डाबरी में भी बीएसएनएल का नेटवर्क काम करेगा।



