अमरोहा
वाल्मीकि समाज पर बौद्ध धर्म अपनाने का दबाव
गांव छोड़ने की धमकी, बोले- कूड़ा उठाने को मजबूर किया जा रहा

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
अमरोहा : जिले के ब्लॉक जोया स्थित खानपुर मजरा मानकजूड़ी में जातिगत भेदभाव का मामला सामने आया है। वाल्मीकि समाज के परिवारों ने आरोप लगाया है कि गांव के जाटव समाज के लोग उन पर बौद्ध धर्म अपनाने का दबाव बना रहे हैं। पीड़ित परिवारों ने शनिवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर डीएम को शिकायती पत्र सौंपा। उन्होंने बताया कि वे इस गांव के मूल निवासी हैं और उनके पूर्वज भी यहीं रहते थे। कुछ समय पहले गांव के जाटव समाज के लोगों ने बौद्ध धर्म अपनाया है। अब वे वाल्मीकि समाज के लोगों पर भी धर्म परिवर्तन का दबाव डाल रहे हैं।पीड़ितों का आरोप है कि जाटव समाज के लोगों ने उन्हें धमकी दी है कि या तो वे बौद्ध धर्म अपनाएं या गांव छोड़कर चले जाएं। इसके साथ ही उनके घरों का पानी बाहर निकलने से रोक दिया गया है। उनके घरों की नालियों को गांव की मुख्य नालियों से जोड़ने से भी मना किया जा रहा है।
महिलाओं से दुर्व्यवहार
वाल्मीकि समाज के लोगों का कहना है कि उन्हें “अछूत” कहकर अपमानित किया जा रहा है। उन्हें यह भी कहा जा रहा है कि वे हिंदू धर्म के योग्य नहीं हैं। गांव में उनका सामाजिक बहिष्कार किया जा रहा है। पीड़ितों ने बताया कि वाल्मीकि समाज की महिलाओं के साथ दुर्व्यवहार किया जा रहा है।
कूड़ा उठाने को मजबूर कर रहे
उन्हें गांव वालों के घरों का कचरा उठाने के लिए मजबूर किया जा रहा है। पीड़ित परिवार न्याय की मांग कर रहे हैं और आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई चाहते हैं। पीड़ित परिवारों ने कहा कि वे शांतिप्रिय लोग हैं। वे इस तरह के भेदभाव से परेशान होकर अधिकारियों से मदद मांग रहे हैं। जिला प्रशासन से उन्होंने इस मामले में उचित कार्रवाई की अपील की है।



