
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
अमेठी। पंचायत चुनाव नजदीक आते ही अमेठी में राजनीतिक तापमान बढ़ने लगा है। पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस के पारंपरिक गढ़ अमेठी में राहुल गांधी को हराने वाली स्मृति ईरानी के विश्वासपात्र माने जाने वाले भाजपा जिलाध्यक्ष सुधांशु शुक्ल ने चुनावी रणनीति को लेकर बड़ा बयान दिया है।
जिलाध्यक्ष शुक्ल ने स्पष्ट कहा कि जिला पंचायत सदस्य और ब्लाक प्रमुख पदों पर प्रत्याशी चयन के दौरान पार्टी के समर्पित कार्यकर्ताओं को प्रथम वरीयता दी जाएगी। उन्होंने कहा कि संगठन अब ऐसे चेहरों को आगे लाएगा जिन्होंने जमीनी स्तर पर पार्टी के लिए लगातार काम किया है और जनता के बीच मजबूत पकड़ बनाई है।
चुनावी गणित की बात करें तो विगत पंचायत चुनाव में तिलोई विधानसभा क्षेत्र के सभी तीनों ब्लॉकों पर बीजेपी ने जीत दर्ज की थी। वहीं, गौरीगंज विधानसभा में तीनों ब्लॉकों पर विपक्ष का कब्जा रहा था। अमेठी विधानसभा में भाजपा को केवल एक ब्लॉक में सफलता मिली थी।
इस बार जिलाध्यक्ष ने दावा किया है कि पार्टी की तैयारी पहले से कहीं बेहतर स्थिति में है और 13 के 13 ब्लाकों में भाजपा की जीत सुनिश्चित करने के लिए संगठन ने व्यापक स्तर पर रणनीति निर्माण शुरू कर दिया है। शुक्ल के अनुसार, मंडल से लेकर बूथ स्तर तक बैठकों का दौर जारी है और पंचायत चुनाव की घोषणा के बाद संभावित उम्मीदवारों के चयन पर पार्टी जल्द निर्णय लेगी।
बीजेपी की इस घोषणा ने स्थानीय राजनीतिक परिदृश्य में हलचल पैदा कर दी है। विरोधी दल इसे भाजपा का “मनोबल बढ़ाने का दावा” बता रहे हैं, जबकि भाजपा समर्थक इसे आने वाले चुनावी संदेश का संकेत मान रहे हैं।

