
गाजियाबाद। उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद जिले में सवा दो लाख से ज्यादा एलपीजी कनेक्शन बंद होंगे। पीएनजी कनेक्शन के साथ दोहरा लाभ ले रहे उपभोक्ताओं पर शिकंजा कसा जाएगा। अप्रैल के बाद पीएनजी उपभोक्ता तेजी से बढ़े हैं।
आपूर्ति विभाग के तमाम प्रयासों के बावजूद भी पीएनजी सुविधा का लाभ ले रहे उपभोक्ता एलपीजी कनेक्शन को सरेंडर नहीं कर रहे हैं। इन उपभोक्ताओं पर अब कंपनियों की ओर से शिकंजा कसने जा रहा है। ऐसे सवा लाख उपभोक्ताओं के एलपीजी कनेक्शनों को निलंबित करने की तैयारी है। इसके बाद पीएनजी वाले उपभोक्ता एलपीजी का लाभ नहीं सकेंगे या उनको किसी एक सुविधा को चुनने का अधिकार होगा।
जिले में एलपीजी उपभोक्ताओं की संख्या 12 लाख से अधिक है। पूर्ति विभाग के रिकॉर्ड के अनुसार, करीब सवा लाख उपभोक्ता ऐसे हैं, जो एलपीजी और पीएनजी दोनों सुविधाओं का लाभ ले रहे हैं। जबकि, पश्चिमी एशिया में युद्ध की स्थिति के बीच शासन ने भी आदेश जारी कर कहा था कि ऐसे उपभोक्ता जिनके पास पीएनजी की सुविधा है, वह अपने एलपीजी कनेक्शन को सरेंडर कर दे।
आपूर्ति विभाग की ओर भी इस संबंध में उपभोक्ताओं से अपील की गई, लेकिन उसका कोई असर नहीं दिखा। गोविंदपुरम के महज एक उपभोक्ता ने आगे आकर अपना एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करने की जरूरत समझी। अब पूर्ति विभाग के अधिकारियों ने तेल कंपनी और आईजीएल के अधिकारियों के साथ बैठक की। इसमें दोहरा लाभ ले रहे उपभोक्ताओं का डाटा तैयार करने के निर्देश दिए गए।
एलपीजी कनेक्शन को किया जाएगा निलंबित-अभी तक करीब सवा लाख उपभोक्ताओं को चिह्नित किया गया है। इन उपभोक्ताओं के एलपीजी कनेक्शन को निलंबित किया जाएगा। इसके बाद इन उपभोक्ताओं को गैस मिलनी बंद हो जाएगी। हालांकि, इनके कनेक्शन को पूरी तरह खत्म नहीं किया जाएगा।
जरूरत पड़ने पर उनकी बहाली का विकल्प खुला रहेगा। इस बारे में पूर्ति विभाग के अधिकारी अमित तिवारी ने बताया कि उपभोक्ताओं से अपील है कि वह खुद ही अपने एलपीजी कनेक्शन को सरेंडर कर दें, अन्यथा कंपनियों की ओर से भी इनको बंद किया जाएगा।
सवा दो लाख उपभोक्ताओं को नहीं मिल रही गैस-केवाईसी और नंबर अपडेट न होने की वजह से 12 लाख उपभोक्ताओं में से सवा दो लाख उपभोक्ता पहले ही गैस नहीं ले पा रहे हैं। अब सवा लाख कनेक्शन निलंबित होने के बाद उपभोक्ताओं की संख्या बढ़कर तीन साढ़े तीन के करीब पहुंच जाएगी।
Ñअप्रैल के बाद तेजी से बढ़े पीएनजी उपभोक्ता-पश्चिमी एशिया में तनाव के बाद बढ़े गैस संकट से पीएनजी के उपभोक्ताओं में तेजी से इजाफा हुआ। रोजाना आ रहे आवेदनों में चार गुना इजाफा हुआ। अप्रैल से लेकर अब तक ढाई माह में 35 हजार पीएनजी उपभोक्ताओं की संख्या बढ़ी है।
अब पीएनजी उपभोक्ताओं की संख्या 3.85 लाख के करीब पहुंच चुकी है। पूर्ति विभाग के अधिकारी अमित तिवारी ने बताया कि जिन इलाकों में पीएनजी की लाइन बिछी है, उन उपभोक्ताओं से अपील है कि वह एलपीजी को सरेंडर करके पीएनजी कनेक्शन का उपयोग करें।



