मो. हन्जेला शेख की गिरफ्तारी पर SDPI का स्पष्टीकरण, कहा- अवैध प्रदर्शन का मामला नहीं
SDPI clarifies Md. Hanzela Shaikh's arrest; states it is not a case of an illegal protest.

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
पाकुड़। सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (SDPI) झारखंड के मीडिया प्रभारी एडवोकेट अब्दुल हन्नान ने . हन्जेला शेख की गिरफ्तारी को लेकर सोशल मीडिया पर जारी कुछ खबरों का खंडन किया है। उन्होंने कहा कि . हन्जेला शेख को अनुमंडलीय न्यायालय, पाकुड़ द्वारा GR Case No. 120/2020 में सजा सुनाई गई थी, जिसके बाद वे जमानत पर थे। उक्त मामले की सुनवाई अपर सत्र न्यायालय-I, पाकुड़ में चल रही थी। 1 अप्रैल 2026 को अपर सत्र न्यायालय द्वारा अपील खारिज किए जाने के बाद उनके पक्ष से उच्च न्यायालय में क्रिमिनल रिवीजन याचिका दायर की गई। अब्दुल हन्नान के अनुसार, पिछले माह की 16 तारीख से 8 जून 2026 तक उच्च न्यायालय में अवकाश रहने के कारण मामला समय पर सूचीबद्ध एवं स्वीकार नहीं हो सका। इसी बीच उनकी जमानत की अवधि समाप्त हो गई, जिसके बाद पाकुड़ पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। SDPI ने दावा किया है कि कुछ मीडिया संस्थानों द्वारा इस गिरफ्तारी को अवैध प्रदर्शन से जुड़े मामले के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है, जबकि यह मामला कथित रूप से एक पुराने बैनर से सम्बन्धित है, जिस पर तिथि स्पष्ट रूप से अंकित थी। पार्टी ने इसे “झूठा मामला” बताया है। पार्टी के मीडिया प्रभारी ने मो. हन्जेला शेख के समर्थकों और कार्यकर्ताओं से घबराने की आवश्यकता नहीं होने की बात कहते हुए दावा किया कि उच्च न्यायालय से शीघ्र ही उन्हें राहत मिलने की उम्मीद है। साथ ही SDPI झारखंड ने स्पष्ट किया है कि उसका निर्धारित कार्यक्रम “Leaders Conclave” 24 जून 2026 को रांची में पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आयोजित किया जायेगा।



