बरेली
नए डीडी से पौने पांच लाख के रिजेक्टेड बिल पास कराने के प्रयास में जुटे बाबू और टीए

नेशनल प्रेस टाइम्स ,ब्यूरो
बरेली। घोटालेबाजों को बचाने के चलते डिप्टी डायरेक्टर अभिनंदन सिंह को शासन ने निलंबित कर दिया था। उनके रिजेक्टेड पौने पांच लाख के बिल बहेड़ी से आए बाबू और टीए पास कराने में लगे हैं।
कृषि विभाग में भी चर्चाओं का बाजार गर्म है और कहा जा रहा है कि यह वही पुराने बिल हैं, जिनको तत्कालीन डिप्टी डायरेक्टर अभिनंदन सिंह ने घपला होने की वजह से रिजेक्ट कर दिया था। तबसे यह बिल पेंडिंग में पड़े थे। आरोप है कि डीडी कार्यालय के नए बाबू और टीए उन दुकानदारों से संपर्क करके पुराने बिल काटकर ऊपरी कमाई करने के चक्कर में हैं, ताकि ज्वाइनिंग के बाद जेब में कुछ वजन बढ़े और माहौल में गर्मी आए। इसके लिए बाबू टीए से सेटिंग बनाकर अपने अफसर को भी समझाने में लगे हैं।
बाबू और टीए का मकसद है कि पुराने बिलों पर आसानी से दस्तखत हो जाएं। चर्चाओं के बीच जानकारी मिली है कि इस तरह की विभिन्न योजनाओं के पुराने बिल 4.5 लाख से पांच लाख के बीच में हैं। इसके लिए टीए ने ऑफिस में अपने पटल का मूल काम छोड़कर दुकानदारों से सम्पर्क साधना शुरू कर दिया है।
वर्तमान डीडी का कहना कि मेरे पास कोई भी बिल स्वीकृति के लिए लाया जाता है तो मैं पहले उसका सत्यापन कराउंगा। उसके बाद ही बिल पास होगा। कोई बाबू फर्जी बिल पास नहीं करा पाएगा। मुझे किसानों के हित में काम करना है। यही सरकार की मंशा है। -अमरपाल, डिप्टी डायरेक्टर कृषि, बरेली



