
लखनऊ । बसपा प्रमुख मायावती ने घुसपैठियों की पहचान के नाम पर देशवासियों को दस्तावेजी जंजाल में फंसाने पर सवाल उठाए। उन्होंने रुपये की गिरती कीमत, महंगाई और बेरोजगारी पर चिंता जताई। साथ ही कांशीराम को भारत रत्न देने की मांग दोहराई।
बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने कहा कि घुसपैठ करने वाले विदेशियों की पहचान करके उन्हें वोटर लिस्ट से निकालना उचित है, लेकिन इसके लिये करीब 100 करोड़ भारतीयों को दस्तावेजी जंजाल व कठघरे में नहीं डालना चाहिए था। इस पर सरकार ध्यान दे।
संविधान का महत्व और बढ़ गया-बसपा सुप्रीमो ने सोमवार को गणतंत्र दिवस के अवसर पर देशवासियों को बधाई देने के साथ रुपये की गिरती कीमत पर चिंता भी जताई। उन्होंने कहा कि दुनिया के अप्रत्याशित तौर पर बदल रहे हालात में भारत की स्थिति कितनी स्थिर, मजबूत व बेहतर है, यह गंभीर चिंतन का विषय है। ऐसे में रुपया क्या एक डालर के मुकाबले 100 पर जाकर ही दम लेगा। केवल पड़ोसी देश में ही नहीं बल्कि विश्व परिदृश्य में भी विभिन्न देशों के हालात जिस तेजी से बदल रहे हैं, वैसे में खासकर भारतीय लोकतंत्र एवं इसके संविधान का महत्व और बढ़ गया है।
इसीलिये सरकार देश को आत्मनिर्भर तथा लोगों की उम्मीदों को बढ़ाने वाला सार्थक प्रयास करती रहे। धर्म परिवर्तन के कड़े कानून और सरकार के लाख प्रयासों के बावजूद अगर यह मामला रुकने का नाम नहीं ले रहा है तो फिर इसके लिये मूल समस्या की पहचान करके इसमें आवश्यक सुधार की जरूरत है।
इसकी आड़ में विभाजनकारी राजनीति व हिंसा पर जितना जल्दी विराम लगे, उतना देशहित में उचित है। देश में बढ़ती महंगाई, गरीबी, बेरोजगारी, अशिक्षा, जातिवाद एवं साम्प्रदायिकता आदि के कारण बहुजन लोगों के बीच सामाजिक, राजनीतिक व आर्थिक असमानता की लाचारी तथा इनके जीवन स्तर में हो रही लगातार गिरावट एवं अंधकारमय भविष्य आदि को लेकर बसपा चिंतित भी है।
कांशीराम को मिले भारत रत्न-बसपा अध्यक्ष ने गणतंत्र दिवस पर विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ठ सेवा के लिए पद्म विभूषण, पद्म भूषण व पद्मश्री तथा सर्वोच्च वीरता पुरस्कार से सम्मानित होने वालों तथा उनके परिजनों को बधाई दी। साथ ही उन्होंने करोड़ों गरीबों, उपेक्षितों को अपने पैरों पर खड़ा करके उन्हें आत्म-सम्मान व स्वाभिमान का जीवन दिलाने के संघर्ष में अपना जीवन समर्पित करने वाले बसपा के संस्थापक कांशीराम को भारत रत्न से सम्मानित करने की मांग भी की।



