भाजपा को महिला सुरक्षा पर बोलने से पहले अपने दामन में झांकना चाहिए – विनोद पांडेय
BJP should look into its own affairs before speaking on women's safety - Vinod Pandey
नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
रांची, बीते 06 सितंबर 2025 को झामुमो महासचिव सह- प्रवक्ता विनोद पांडेय ने भाजपा द्वारा महिला सुरक्षा के मुद्दे पर लगाए गये आरोपों को चुनावी प्रोपेगेंडा करार दिया है। उन्होंने कहा कि भाजपा नेताओं को यह याद रखना चाहिए कि जिस राष्ट्रीय महिला आयोग की रिपोर्ट का हवाला वे दे रहे हैं, उसी आयोग ने केन्द्र सरकार को भी महिला सुरक्षा के मामले में फेल बताया है। एनसीआरबी के आंकड़े साफ दर्शाते हैं कि भाजपा शासित राज्यों उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और राजस्थान में सबसे अधिक बलात्कार और महिला उत्पीड़न की घटनाएं होती हैं। ऐसे में भाजपा को झारखंड पर उंगली उठाने से पहले अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। विनोद पांडेय ने कहा कि हेमंत सोरेन सरकार ने महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए कई ठोस कदम उठाए हैं। सखी मंडल, पलाश ब्रांड, मंईयां सम्मान योजना से लेकर हेल्पलाइन, महिला थाना और फास्ट ट्रैक कोर्ट की संख्या बढ़ाने तक राज्य सरकार ने लगातार प्रयास किए हैं। हजारों महिलाओं को स्वरोजगार और आजीविका से जोड़ा गया है, जिससे वे आत्मनिर्भर बन रही हैं। भाजपा को यह स्वीकार करना चाहिए कि आज झारखंड की ग्रामीण और शहरी महिलाएं पहले से ज्यादा जागरूक और संगठित हैं। यहीं नहीं माननीय मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन जी ने भी कहा है कि राज्य की महिलाओं का पलायन रुक गया है। विनोद पांडेय के अनुसार भाजपा केवल आंकड़ों की बाज़ीगरी कर जनता को गुमराह करना चाहती है। सच्चाई यह है कि महिलाओं के खिलाफ अपराधों पर कार्रवाई की गति भाजपा के कार्यकाल से कहीं ज्यादा तेज़ है। ट्रैफिकिंग जैसे संवेदनशील मामलों में हेमंत सरकार ने विशेष अभियान चलाकर कई राष्ट्रीय गिरोहों का पर्दाफाश किया है। विनोद पांडेय ने कहा कि भाजपा को झूठ और डर की राजनीति छोड़कर महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में सकारात्मक भूमिका निभानी चाहिए। हेमन्त सरकार संवेदनशील है और महिला सुरक्षा को लेकर ठोस कदम उठा रही है। भाजपा चाहे जितने झूठ फैलाए, जनता सच जानती है।



