नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
चौसाना। क्षेत्र के व्यक्ति ने गांव के ही कुछ लोगों पर जातिसूचक गालियां देने, मारपीट करने, खेत में खड़ी गन्ने की फसल खराब करने और जमीन पर जबरन कब्जा करने के प्रयास का आरोप लगाते हुए पुलिस से कार्रवाई की मांग की है। मामले की शिकायत थाना झिंझाना पुलिस समेत एससी-एसटी आयोग, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को भेजी गई है।
चौसाना क्षेत्र के टोडा निवासी श्रीचन्द कोरी पुत्र फेरू ने दी शिकायत में बताया कि उसके भाई सोम्मा पुत्र फेरू को वर्ष 1997 में भूमि का पट्टा आवंटित हुआ था। उक्त भूमि को लेकर मामला इलाहाबाद हाईकोर्ट में विचाराधीन है, जिसकी अगली सुनवाई 25 मई 2026 को निर्धारित है। शिकायतकर्ता का कहना है कि न्यायालय ने पक्षकारों के कब्जे में किसी प्रकार का हस्तक्षेप न करने के निर्देश दिए हैं।
आरोप है कि गांव की पुष्पा पत्नी राममेहर, मोनू पुत्र राममेहर व राजेन्द्र पुत्र बाबूराम सहित अन्य लोग लगातार जातिसूचक शब्दों का प्रयोग कर अपमानित करते हैं। आरोपितों पर खेत में घुसकर खड़ी गन्ने की फसल खराब करने, फसल कटाई में बाधा डालने और फावड़े लेकर खेत में पहुंचने का भी आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता ने बताया कि विरोध करने पर जान से मारने, झूठे मुकदमों में फंसाने और जमीन पर कब्जा करने की धमकियां दी जा रही हैं, जिससे परिवार भयभीत है।
पीड़ित ने आरोपितों के खिलाफ एससी-एसटी एक्ट समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कठोर कार्रवाई की मांग की है। मामले की प्रतिलिपि अनुसूचित जाति एवं जनजाति आयोग लखनऊ, राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग नई दिल्ली, जिलाधिकारी शामली, पुलिस अधीक्षक शामली और थाना झिंझाना को भी भेजी गई है।


