
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
चौसाना। मंगलौरा में आवंटित रेत खनन के पटटे से रेत से भरे डम्पर को गांव के बीच से निकालने को लेकर विवाद हो गया। बढते विरोध को देखते हुए ग्रामीण रात्रि के समय मे सडक पर आ गए और विरोध करने लगे। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुॅची और दोनो पक्षो को सुनकर समाधान का आश्वासन दिया गया। ग्रामीणो का आरोप है कि खनन स्थल से भरकर आने वाले रेत से भरे डम्पर गांव के बीच से होकर निकलते है। जिसको रोकने के लिए मार्ग को अवरूद्व किया गया था ताकि ओवरलोड वाहन यमुना के रास्ते सीधे बिडौली पुल पहुॅचंे। लेकिन कुछ डम्पर चालक गांव के बीचोबीच ले गए,जिससे भाकियू नेता की ट्राली भी क्षतिग्रस्त हुई। विवाद बढा तो एसओ ंिझंझाना मौके पर पहुुॅचें और मामले को शांत कराया गया।
चौसाना चौकी क्षैत्र के गांव मंगलौरा स्थित यमुना नदी मे रेत खनन को पटटें का आवंटन किया गया है। पटटे को संचालित हुए तीन ही दिन हुए थे कि विवाद शुरू हो गया। गौरतलब है कि मंगलौरा गांव के लोगो का आरोप है कि रेत से भरे डम्पर ओवरलोड होते है और स्पीड से चलाकर ले जाते है। जिससे रास्ते तो टूटते ही है,हादसो का भी डर रहता है। जिसके लिए संचालको को बताया गया था कि गांव के बीच से वाहन ना गुजरें। एहतियातन ग्रामीणों ने गांव के मुख्य मार्गाे को भी बडे वाहनो के लिए अवरूद्ध किया गया था।
शनिवार की देरशाम को एक डम्पर गांव के बीच से गुजरा । आरोप है कि मार्ग को अवरूद्ध करने के लिए लगाई गई ट्राली को क्षतिग्रस्त कर दिया। जिसकी जानकारी ग्रामीणो को लगी तो रोष फैल गया। ग्रामीण हुए और चर्चा होने लगी कि रेत के किसी भी वाहन को यहॉ से नही गुजरने दिया जायेगा। सूचना पर बिडौली व झिंझाना पुलिस मौके पर पहुॅची और मामले की जानकारी करते हुए दोनो पक्षो से वार्ता की। देररात्रि दोनो पक्षो मे वाहनो के बिडौॅली से होकर गुजरने पर सहमति बनी। जिसके बाद फिर से खनन का संचालन शुरू हुआ। दोनो पक्षो के बीच तनातनी को देखते हुए रातभर पुलिस सर्तक रही।
