गाजियाबाद

‘स्मार्ट सिटी के सपने,पाभी में तालाब बना स्कूल’ 

वर्षों से जलनिकासी की व्यवस्था नहीं, गंदे पानी में पढ़ने को मजबूर बच्चे

नेशनल प्रेस टाइम्स,ब्यूरो।
लोनी। शिव विहार स्थित अमर ज्योति स्कूल (रंजीत गेट, पाभी सादकपुर) में जलभराव की समस्या एक बार फिर नगर पालिका परिषद की कार्यप्रणाली के चलते चर्चाओं के घेरे में  है। हालात ऐसे हैं कि पाभी में स्कूल परिसर तालाब में तब्दील हो चुका है। गंदा पानी कक्षाओं तक पहुंच गया है जिसके चलते बच्चों, अभिभावकों व शिक्षकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। आज स्कूल में पढ रहे छोटे-छोटे बच्चों को ई-रिक्शा के सहारे स्कूल परिसर से निकालना पड़ा, जबकि चारों ओर फैली गंदगी से मलेरिया और डेंगू जैसी बीमारियों को आमंत्रण दे रही है।
विद्यालय के प्रबंधक एवं सेवानिवृत्त भारतीय वायुसेना कर्मी देवेंद्र कुमार का कहना है कि वह वर्षों से जलनिकासी की स्थायी व्यवस्था कराने की मांग को लेकर नगर पालिका के अधिकारियों व चैयरमैन के यहां चक्कर काट रहे हैं। उनका आरोप है कि अधिशासी अधिकारी (ईओ) को कई बार इस समस्या से अवगत कराया गया। उनके द्वारा प्रयासों की बात तो कही गई, लेकिन आज तक पानी की निकासी के लिए नाली का निर्माण नहीं हो सका। लगातार जलभराव से विद्यालय की दीवारें क्षतिग्रस्त हो रही हैं और भवन की सुरक्षा पर भी खतरा मंडरा रहा है।
देवेंद्र कुमार ने बताया कि उनके 90 वर्षीय पिता राष्ट्रपति पदक से सम्मानित हैं, फिर भी उनकी शिकायतों को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा। उनका कहना है कि यदि एक पूर्व सैनिक और शिक्षण संस्थान की यह स्थिति है, तो आम नागरिकों की समस्याओं का सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है।
आरोप है कि उपजिलाधिकारी लोनी के संज्ञान में मामला आने के बाद भी इस समस्या  के समाधान की दिशा में ठोस कदम नहीं उठाया गया और प्रकरण को नगर पालिका के पाले में डालकर उपजिलाधिकारी लोनी ने भी अपने कर्तव्यों की पूर्ति कर दी। कालोनी वासियों का  कहना है कि जल निकासी के लिए काम कब होगा, इसकी कोई समय-सीमा भी नहीं बताई जा रही है जिससे लोगों में भारी रोष है।
अब सवाल यही है कि बरसात शुरू होते ही नगर पालिका के विकास के दावों की परतें धुल जाती हैं और स्कूल शिक्षा का मंदिर कम, तालाब ज्यादा दिखाई देता है। सवाल यह है कि आखिर बच्चों की सुरक्षा, शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़े इस गंभीर मुद्दे पर जिम्मेदार विभाग कब जागेगा? और इसमें इतनी लापरवाही क्यों,
विद्यालय प्रबंधन ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र स्थायी जलनिकासी की व्यवस्था नहीं की गई तो वह सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ  से मिलकर शिकायत कर न्याय की गुहार लगाएंगे
Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button