अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने सौंपा ज्ञापन, शैक्षिक संस्थानों में पारदर्शिता की उठाई मांग

नेशनल प्रेस टाइम्स,ब्यूरो
जालौन। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) उरई इकाई द्वारा मंगलवार को जिलाधिकारी को एक ज्ञापन सौंपा गया, जिसमें शैक्षिक संस्थानों की अव्यवस्थाओं और अनियमितताओं पर कठोर कार्रवाई की मांग की गई। ज्ञापन में अवैध रूप से संचालित महाविद्यालयों और प्रशिक्षण संस्थानों की न्यायिक जांच, बुंदेलखंड विश्वविद्यालय से सम्बद्ध कॉलेजों में शिक्षकों की अनुपस्थिति, निजी विद्यालयों में फर्जी उपस्थिति, और कोचिंग संस्थानों में छात्रों की असुरक्षा जैसे गंभीर मुद्दे उठाए गए।
प्रांत सह मंत्री चित्रांशु सिंह ने बताया कि कुछ अवैध कैंप कार्यालयों में छात्रों से जबरन फीस वसूली और मूल प्रमाणपत्र जब्त कर लिए जाते हैं, जो वर्षों तक वापस नहीं दिए जाते। विभाग संयोजक अभय दुबे ने मांग की कि बिना मान्यता के संचालित हो रहे स्कूलों की संयुक्त समिति द्वारा जांच होनी चाहिए।
छात्राओं की सुरक्षा, छात्रावासों की दुर्दशा, निजी पुस्तकालयों की अव्यवस्था और शिक्षकों के तबादले में भ्रष्टाचार जैसे विषयों को भी ज्ञापन में शामिल किया गया। एबीवीपी ने इन सभी मामलों की उच्च स्तरीय जांच कर कार्रवाई की मांग की है।
इस अवसर पर कार्तिक पालीवाल, अल्शिफा, अमन पंडा, नितिन तिवारी, रितिका यादव, किशन द्विवेदी, अनुज द्विवेदी सिद्धि तिवारी,सहित कई कार्यकर्ता मौजूद रहे। परिषद ने छात्र संघ चुनाव बहाल करने की भी जोरदार मांग की।



