जालौन
प्राचीन भैरव मंदिर जीर्णोद्धार को लेकर भाजपा विधायकों में लगी क्रेडिट लेनी की होड़
पार्टी कार्यकर्ता एमएलए-एमएलसी की प्रतिद्वंदिता को लेकर हुए चैकन्ना
स्थानीय लोग बोले भैरव मंदिर जीर्णोद्धार में राजनीति को रखे दूर
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
रामपुरा (जालौन)। रामपुरा नगर पंचायत में स्थित भैरव मंदिर के जीर्णोद्धार के लिये शासन ने 2 करोड़ रुपए की स्वीकृति दे दी है और इस बात की लोगों द्वारा सराहना भी की जा रही है। पर सराहना से ज्यादा मंदिर का भूमि पूजन राजनैतिक हल्कों में चर्चा का विषय बना हुआ। वहीं इस मामले में स्थानीय लोगों का साफ कहना है कि प्राचीन भैरवनाथ मंदिर जीर्णोद्धार मामले से राजनीति को दूर रखा जाये ताकि मंदिर सामाजिक सौहार्द का प्रतीक बना रहे।
दरअसल में मामला यह है कि इस मंदिर का मंगलवार को एमएलसी रमा निरंजन ने भूमि पूजन कर दिया और इस मौके पर उनके प्रतिनिधि आरपी निरंजन भी मौजूद रहे। अब मामला माधौगढ़ विधानसभा से जुड़ा हुआ है तो माधौगढ़ विधायक का भूमि पूजन के समय अनुपस्थित रहना भीचर्चा का विषय भी बना। लिहाजा उनका एसडीएम माधौगढ़ से कार्यक्रम के बारे में बात कर अपनी नाराजगी जाहिर की थी। जिसके बाद प्रशासन ने आनन-फानन में दोबारा कार्यक्रम आयोजित कर माधौगढ़ विधायक को आमंत्रित किया जिसका कार्यक्रम दूसरी बार बुधवार को कराया गया। इस मामले को लेकर रामपुरा चेयरमैन और ईओ रामपुरा को समझ नहीं आ रहा है वह इस मामले में क्या करें ? इस बारे में जब माधौगढ़ विधायक से बात हुई तो उन्होंने बताया कि मंैने प्राचीन भैरव बाबा मंदिर के जीर्णोद्धार के लिए नगर विकास मंत्री को लिखकर दिया था जिसके बाद जब स्वीकृति मिली थी तो उन्होंने जिस दिन प्रमुख सचिव को पत्र लिखा उस दिन फोन करके बताया था आपका काम स्वीकृत कर दिया गया है। वहीं जब एमएलसी रमा निरंजन से बात की तो उन्होंने बताया कि उनके पास मंदिर जीर्णोद्धार से संबंधित प्रस्ताव रामपुरा चेयरमैन द्वारा दिया गया था जिसके बाद उन्होंने नगर विकास मंत्री को पत्र लिखकर काम स्वीकृत करने के लिए आग्रह किया था। उसी आधार पर नगर विकास मंत्री द्वारा प्रमुख सचिव को पत्र लिखकर मंदिर का जीर्णोद्धार स्वीकृत किया गया था। नगर विकास मंत्री का पत्र भी उन्होंने सार्वजनिक किया। अब मामला यह है कि नगर विकास मंत्री ही बताएं या स्वयं भैरव बाबा बताये कि किसके कहने पर मंदिर का जीर्णोद्धार हो रहा है । और अगर हो भी रहा है तो क्या शास्त्रों में दो दो बार भूमि पूजन की अनुमति है। दुनिया की सबसे अनुशासन वाली पार्टी माधौगढ़ विधानसभा में ऐसी होड़ बता रही है कि पार्टी भी दो गुटों में बंट चुकी है। हालांकि माधौगढ़ विधानसभा क्षेत्र के पार्टी कार्यकर्ता एमएलए-एमएलसी के बीच चल रही राजनैतिक नूरा कुश्ती पर नजरें गढ़ाकर शांतभाव से देख रहे है कि अंतिम समय में पड़ला किसका भारी होगा तभी वह उसी की जिंदाबाद बोलेंगे। बाकी भैरव नाथ जी जाने।



