शामली। उत्तर प्रदेश शासन की मंशा के अनुरूप अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत शामली पुलिस ने न्यायालयों में प्रभावी एवं सशक्त पैरवी कर बड़ी सफलता हासिल की है। विभिन्न थानों में दर्ज सात अलग-अलग मामलों में छह अभियुक्तों को सजा दिलाई गई है, जबकि न्यायालय द्वारा कुल 33 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
पुलिस अधीक्षक शामली के निर्देशन में न्यायालयों में मजबूत पैरवी के चलते गैंगस्टर, आबकारी, एनडीपीएस, लूट और चोरी जैसे मामलों में अभियुक्तों को दंडित कराया गया। सबसे पुराने वर्ष 2000 के गैंगस्टर एक्ट मामले में थाना थानाभवन क्षेत्र के ग्राम दुलावा निवासी रामदास को न्यायालय एडीजे-05 मुजफ्फरनगर ने दो वर्ष के कारावास एवं पांच हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।
वहीं वर्ष 2019 के आबकारी अधिनियम के मामले में कैराना क्षेत्र के डुंडूखेड़ा निवासी प्रदीप को सीजेएम शामली ने न्यायालय उठने तक कारावास तथा 15 हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया।
कोतवाली शामली में वर्ष 2009 में दर्ज मारपीट एवं धमकी के मामले में आरोपी गुलजार और नौशाद को न्यायालय ने छह-छह माह की परिवीक्षा अवधि पर छोड़ा है।
एनडीपीएस अधिनियम के मामले में पानीपत निवासी शन्नी को एक वर्ष तीन माह के कारावास तथा दस हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई गई। अर्थदंड जमा न करने पर अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
इसके अलावा थाना कांधला में दर्ज लूट एवं चोरी के तीन अलग-अलग मामलों में अभियुक्त राजकुमार को न्यायालय द्वारा प्रत्येक मामले में चार-चार माह के कारावास और जुर्माने की सजा सुनाई गई।
शामली पुलिस का कहना है कि अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी पैरवी लगातार जारी है और भविष्य में भी दोषियों को कड़ी सजा दिलाने के लिए हर स्तर पर मजबूत कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। पुलिस की इस कार्रवाई को अपराध नियंत्रण और कानून व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।