गाजियाबाद
बर्ड फ्लू को लेकर सतर्कता बढ़ी, घबराने की नहीं जरूरत: डॉ. एस.पी. पाण्डेय
नेशनल प्रेस टाइम्स,ब्यूरो।
गाजियाबाद : जनपद में बर्ड फ्लू (एवियन इन्फ्लूएंजा) को लेकर पशुपालन विभाग ने सतर्कता बढ़ा दी है। मुख्य पशुचिकित्सा अधिकारी एवं संयुक्त निदेशक डॉ. एस.पी. पाण्डेय ने आमजन से अपील की है कि इस बीमारी से घबराने के बजाय आवश्यक सावधानियां अपनाकर इसे आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है।डॉ. पाण्डेय ने बताया कि बर्ड फ्लू एक वायरल बीमारी है, जो मुख्य रूप से मुर्गियों और अन्य पक्षियों को प्रभावित करती है। प्रवासी पक्षी, विशेषकर साइबेरियन प्रजाति, इसके वाहक हो सकते हैं। कुछ परिस्थितियों में यह अन्य जानवरों तथा मनुष्यों को भी प्रभावित कर सकता है, हालांकि मनुष्य से मनुष्य में संक्रमण का कोई प्रमाण नहीं मिला है।उन्होंने जानकारी दी कि पक्षियों में इस बीमारी के प्रमुख लक्षणों में अचानक मृत्यु, कलगी एवं पैरों में सूजन या नीला पड़ना, नाक और आंख से स्राव, सांस लेने में कठिनाई, दस्त तथा अंडा उत्पादन में कमी शामिल हैं। वहीं अन्य पशुओं में बुखार, खांसी और श्वसन संबंधी समस्याएं देखी जा सकती हैं।पशुपालन विभाग ने बचाव के लिए पोल्ट्री फार्मों में स्वच्छता बनाए रखने, नियमित टीकाकरण कराने, कीटाणुनाशकों का छिड़काव करने तथा बीमार पक्षियों को तुरंत अलग करने की सलाह दी है। किसी भी संदिग्ध स्थिति में नजदीकी पशुचिकित्सालय या कंट्रोल रूम को तत्काल सूचना देने के निर्देश दिए गए हैं।मनुष्यों के संदर्भ में डॉ. पाण्डेय ने बताया कि संक्रमण का खतरा बहुत कम है और यह मुख्यतः संक्रमित पक्षियों के सीधे संपर्क से होता है। इसके लक्षणों में बुखार, खांसी और सांस लेने में तकलीफ शामिल हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि अच्छी तरह पका हुआ चिकन और अंडा खाने से बर्ड फ्लू का खतरा नहीं होता।
उन्होंने लोगों से अपील की कि मृत पक्षियों को नंगे हाथों से न छुएं, अफवाहों से बचें और प्रभावित क्षेत्रों से दूरी बनाए रखें। साथ ही, पोल्ट्री फार्मों में बाहरी व्यक्तियों और जानवरों के प्रवेश पर नियंत्रण रखने तथा जैव सुरक्षा उपायों का पालन करने पर जोर दिया।
डॉ. पाण्डेय ने बताया कि वर्तमान में उत्तर प्रदेश में बर्ड फ्लू का कोई मामला सामने नहीं आया है, लेकिन पड़ोसी देश नेपाल में वायरस की पुष्टि के बाद प्रदेश में सतर्कता बढ़ा दी गई है। गाजियाबाद में सभी पोल्ट्री फार्मों से सैंपल एकत्र किए जा रहे हैं और स्वच्छता व सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराया जा रहा है।प्रशासन ने आमजन से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि किसी भी असामान्य स्थिति की सूचना तुरंत संबंधित अधिकारियों को दें, ताकि समय रहते प्रभावी कार्रवाई की जा सके।

