
नई दिल्ली : नेपाल में बाढ़ से बिहार में बढ़ते खतरे के मद्देनजर, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सीएम सम्राट चौधरी से बात कर हर संभव मदद का आश्वासन दिया। मुख्यमंत्री ने उच्च-स्तरीय बैठक कर तटबंधों की निगरानी, जनता को चेतावनी और NDRF-SDRF की तैनाती के निर्देश दिए हैं, जिस पर पीएम मोदी भी लगातार नजर रख रहे हैं।
नेपाल में भारी बारिश के कारण बिहार में बाढ़ के खतरे को देखते हुए, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से फोन पर बात की। गृह मंत्री ने राज्य सरकार को संभावित संकट से निपटने के लिए हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए नेशनल डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स को तैनात किया जा रहा है। बिहार CMO का कहना है है कि एक हाई-लेवल मीटिंग की अध्यक्षता करते हुए, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने नेपाल से बिहार में बाढ़ का पानी आने की आशंका को देखते हुए संबंधित जिलों में खास सावधानी बरतने के निर्देश दिए हैं। जिला अधिकारियों को स्थिति पर कड़ी नजर रखने के लिए कहा गया है।
समें यह भी कहा गया है कि सभी तटबंधों की मजबूती और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए उनकी लगातार निगरानी की जानी चाहिए। बांधों और तटबंधों की चौबीसों घंटे निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं, जिसमें रात में गश्त पर खास जोर दिया गया है। जोखिम वाले और प्रभावित इलाकों में लाउडस्पीकर या माइक्रोफोन का इस्तेमाल करके लोगों तक जरूरी जानकारी और चेतावनी लगातार पहुँचाने के निर्देश दिए गए हैं। किसी भी आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए NDRF-SDRF की टीमें तैनात की गई हैं।
केंद्रीय राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने कहा कि बिहार में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए, प्रधानमंत्री मोदी की सरकार देश के किसी भी राज्य की मदद के लिए तैयार है, जहां ऐसी स्थिति पैदा हो। मॉनसून से पहले ही, गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में सभी तैयारियां पूरी कर ली गई थीं। बाढ़ का सामना कर रहे किसी भी राज्य या इलाके की मदद की जाएगी। टीम स्टैंडबाय पर है और बाढ़ प्रभावित इलाकों में टीमें पहले ही भेजी जा चुकी हैं।
आपदा प्रबंधन विभाग के एक आधिकारिक बयान के अनुसार, नेपाल में गंडक नदी के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्र में अचानक बाढ़ का खतरा पैदा होने और पानी के बहाव में अचानक तेजी आने की संभावना को देखते हुए बिहार में विशेष सतर्कता बरती जा रही है। अधिकारियों ने बताया है कि गंडक नदी के किनारे बसे जिलों में बाढ़ की संभावित स्थिति से निपटने के लिए सभी जरूरी तैयारियाँ की जा रही हैं।
पूवार्नुमान में नेपाल के गंडक जलग्रहण क्षेत्र में आने वाले रसुवा, नुवाकोट, धाडिंग, गोरखा, लमजुंग और तनहुँ जिलों के साथ-साथ कोसी जलग्रहण क्षेत्र के दोलखा और सिंधुपालचोक जिलों में भी अचानक बाढ़ का ज्यादा खतरा होने की चेतावनी दी गई है। मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में एक हाई-लेवल समीक्षा बैठक हुई, जिसमें प्रभावित जिलों के जिला मजिस्ट्रेट, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और पुलिस अधीक्षक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शामिल हुए।


