महेशपुर प्रखण्ड में उर्वरक प्रतिष्ठानों का किया निरीक्षण
Inspection of fertilizer establishments was done in Maheshpur block

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
पाकुड़। राज्य में खरीफ मौसम के शुरुआत होने एवं मुख्य फसलों यथा धान, मक्का , जूट आदि हेतु खाद एवं बीज की बढ़ी हुई मांग को देखते हुए जमाखोरी, अधिकतम खुदरा मूल्य से अधिक दर पर बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए जिला स्तर पर उपायुक्त के द्वारा गठित दल के द्वारा महेशपुर प्रखण्ड के विभिन्न उर्वरक विक्रेता प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण दल में शामिल जिला कृषि पदाधिकारी मृत्युंजय कुमार, खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी धनेश्वर हेंब्रम एवं पणन सचिव संजय कच्छप* के द्वारा उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 एवं आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के आलोक में विभिन्न बिंदुओं पर पूछताछ एवं जांच की गई तथा नियमों के अनुपालन में शिथिलता के लिए उर्वरक विक्रेताओं से स्पष्टीकरण पूछा गया है। स्पष्टीकरण संतोषप्रद नहीं पाए जाने पर संबंधित विक्रेता के विरुद्ध उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 के सुसंगत धाराओं में कार्रवाई की जाएगी। जिला कृषि पदाधिकारी द्वारा सभी उर्वरक विक्रेताओं को चेतावनी दी गई है कि उर्वरक विक्रेताओं के खिलाफ जमाखोरी या मुनाफाखोरी की शिकायत मिलने पर संबंधित के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी तथा किसानों के हितों से किसी भी प्रकार के खिलवाड़़ को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा।



