यातायात एवं सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में डीसी ने दिया अहम निर्देश
DC gave important instructions in the meeting of Traffic and Road Safety Committee

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
पाकुड़। बीते शनिवार को समाहरणालय सभागार में उपायुक्त मनीष कुमार की अध्यक्षता में यातायात एवं सड़क सुरक्षा समिति की हुई बैठक में सड़क हादसों को नियंत्रित करने तथा सड़क सुरक्षा के प्रावधानों को प्रभावी तरीके से अमल में लाने समेत अन्य सम्बन्धित विषयों को लेकर विचार विमर्श किया गया। उपायुक्त द्वारा हिट एंड रन के लंबित 04 मामलों पर प्रभावित परिवारों को 90 दिनों के भीतर मुआवजा का भुगतान सुनिश्चित करने का निदेश जिला परिवहन पदाधिकारी एवं सड़क सुरक्षा टीम को दिया गया। जिला अन्तर्गत जितने भी दुर्घटना सम्भावित सड़क मार्ग हैं, उन सभी सड़क मार्गों पर आवश्यकता अनुसार स्पीड ब्रेकर, बैरिकेटिंग लगाने की कार्रवाई जल्द से जल्द की जाए। जिला अन्तर्गत प्रचलित होने वाले सभी टोटो, ऑटो पैसेंजर बैठने के अलावा अपने वाहन पर किसी प्रकार के माल की ढुलाई नहीं करेंगे। ऐसा करते हुए पकड़े जाने पर अन्य आवश्यक कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए। जिला अन्तर्गत सभी व्यवसायिक मालिकों को अपने दुकान एवं व्यवसाय स्थल पर सीसीटीवी कैमरा लगाना सुनिश्चित करवायें। बैठक में सड़क दुर्घटना के घायलों को गोल्डन ऑवर में अस्पताल पहुंचाने वाले गुड समारिटन को प्रोत्साहित करने हेतु भी निर्देशित किया गया। गुड समारिटन को 2 से 5 हजार रूपए तक प्रोत्साहन राशि देने का प्रावधान है, गुड समारिटन को कानूनी कार्रवाई से अलग रखा जाता है, इसकी भी जानकारी जनसाधारण तक पहुंचाने का निर्देश दिया गया। सड़क दुर्घटनाओं की समीक्षा में हाईवे किनारे पार्किंग, गलत साइड में ड्राइविंग व ओवर स्पीड प्रमुख कारण पाया गया। सभी दुर्घटनास्थलों की क्रमवार समीक्षा कर एहतियातन कदम उठाये जाने का निदेश एनएचएआई एवं पथ निर्माण के कार्यपालक अभियंता को दिया गया। माह जनवरी से जून 25 माह तक जिला अंतर्गत घटित 43 सड़क दुर्घटनाओं में 42 लोगों की मृत्यु एवं 11 व्यक्ति घायल हुए। उपायुक्त ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं पर रोकथाम लगाना जिला प्रशासन की प्राथमिकता है, हाईवे में सभी आवश्यक सुरक्षात्मक उपाय जरूर किए जायें जिससे जानमाल का नुकसान नहीं हो। जून 25 माह में वाहन जांच अभियान में बिना हेलमेट के दोपहिया वाहन चालक और बिना सीटबेल्ट के चारपहिया वाहन चालकों समेत यातायात नियमों के उल्लंघन के अन्य मामलों में लगभग 9 लाख 68 हजार 500 रूपए जुर्माने की वसूली की गई।



