
अयोध्या। कांग्रेस के राज्यसभा सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि भाजपा हमेशा ही राम मंदिर मुद्दे को जिंदा रखना चाहती थी। वो कभी नहीं चाहती थी कि मंदिर का निर्माण हो।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद प्रमोद तिवारी बुधवार को अयोध्या पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले हनुमानगढ़ी में पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद लिया। इसके बाद अयोध्या राज परिवार के मुखिया और श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सदस्य रहे दिवंगत बिमलेंद्र मोहन प्रताप मिश्र के निधन पर राज सदन में उनके परिवार से मुलाकात कर शोक संवेदना प्रकट की।
इस दौरान संवाददाताओं से बातचीत के दौरान प्रमोद तिवारी ने कई बड़े मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखी। उन्होंने भाजपा पर तीखा हमला बोला। तिवारी ने कहा कि भाजपा कभी नहीं चाहती थी कि अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण हो। भाजपा हमेशा इस मुद्दे को जिंदा रखना चाहती थी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की सोच हमेशा स्पष्ट रही है, कांग्रेस शुरू से ही अयोध्या में भव्य राम मंदिर के निर्माण की पक्षधर रही है। उन्होंने साफ कहा कि मंदिर का निर्माण सुप्रीम कोर्ट के आदेश की वजह से संभव हो पाया है, इसलिए इसके लिए हम कोर्ट के आभारी हैं।
उपराष्ट्रपति चुनाव पर बोलते हुए तिवारी ने जस्टिस बी. सुदर्शन रेड्डी को सबसे उपयुक्त उम्मीदवार बताया। वहीं, गृह मंत्री अमित शाह पर भी उन्होंने करारा हमला बोला। तिवारी ने कहा कि शाह भले ही देश के गृह मंत्री हैं, लेकिन गरिमा के अनुरूप व्यवहार नहीं कर रहे हैं। बी. सुदर्शन रेड्डी पर दिया गया उनका बयान कहीं से भी उचित नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि भाजपा की सरकार 11 साल से सत्ता में है, अगर कोई समीक्षा करनी थी तो पहले क्यों नहीं की, अब अचानक इस तरह का बयान क्यों दिया जा रहा है।
बिहार में 65 लाख वोट काट दिए गए, फर्जी मतदाता जोड़ने का हुआ खेल-बिहार चुनाव को लेकर भी प्रमोद तिवारी ने गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि एसआरआई सिस्टम लोकतंत्र खत्म करने और वोट की चोरी के लिए बनाया गया है। तिवारी ने आरोप लगाया कि बिहार में 65 लाख वोट काट दिए गए हैं और फर्जी मतदाता जोड़ने का भी खेल हुआ है।



