राष्ट्रद्रोह के आरोपी छात्र नेता अनिल बणिया ने भाजपा जॉइन किया
असम के विश्वनाथ में छात्र मोर्चा में हलचल।

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
असम : पूर्व में असम की भाजपा सरकार पर तीव्र आलोचना करने वाले और राष्ट्रद्रोह के आरोप में जेल भी जा चुके छात्र नेता अनिल बणिया ने अब औपचारिक रूप से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में प्रवेश किया है। अनिल बणिया, जो अखिल गोगोई के घनिष्ठ सहयोगी थे, अब उनके नीतियों की कड़ी आलोचना कर भाजपा के साथ खड़े हुए हैं। असम के विश्वनाथ जिले के छात्र मुक्ति संग्राम समिति के ३५ सदस्यों के साथ अनिल बणिया ने गुवाहाटी के अटल बिहारी वाजपेयी भवन में भाजपा की पार्टी पोशाक पहनकर सदस्यता ग्रहण की। राज्य भाजपा अध्यक्ष दिलीप सैकिया और कैबिनेट मंत्री जयंत मल्ल बरुआ की मौजूदगी में यह कार्यक्रम संपन्न हुआ। अनिल बणिया के भाजपा में शामिल होने से विश्वनाथ के छात्र मुक्ति संग्राम समिति में संगठनात्मक बदलाव हो सकता है। बणिया इस समिति के केंद्रीय सहायक सचिव रह चुके हैं और लगभग दस वर्षों तक आयोजन के साथ जुड़े रहे हैं। बणिया ने कहा कि वे अखिल गगइ के तानाशाही और दबाव वाली नीतियों के कारण भाजपा के राष्ट्रीय गौरव की रक्षा हेतु पार्टी में आए हैं। उनका कहना है कि गगइ के विचारों ने असमिया जाति को खतरे में डाल दिया है और अब भाजपा के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है। बीहाली विधानसभा क्षेत्र अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित है, जहां प्रमुख राजनीतिक दलों का कोई मजबूत स्थानीय उम्मीदवार नहीं है। ऐसे में भाजपा द्वारा बणिया को टिकट देने की संभावना चर्चा में है। अनिल बणिया पर पहले भी विवाद रहे हैं। अप्रैल में उन्होंने कश्मीर के पहलगाम में आतंकवादी हत्याकांड के संबंध में फेसबुक पर विवादित टिप्पणी की थी, जिसके कारण उनपर विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया था। इसके बाद वे लगभग तीन महीने जेल में रहे और अगस्त में जमानत पर रिहा हुए। भाजपा विरोधी छवि के बावजूद अब उनका भाजपा में प्रवेश राजनीतिक परिदृश्य में नए समीकरण जोड़ने वाला माना जा रहा है। इस कदम से अखिल गोगोई के नेतृत्व वाली छात्र मुक्ति आंदोलन के भीतर भी असमंजस की स्थिति बन गई है।



