गोड्डा
गोड्डा को मिलेगा रेल विकास का नया आयाम, कोचिंग डिपो शुरू होने की उम्मीद जल्द

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
गोड्डा। मालदा डिवीजन के डीआरएम मनीष कुमार गुप्ता ने गोड्डा रेलवे स्टेशन पहुंचे। डीआरएम ने गोड्डा क्षेत्र में हो रहे रेल विकास कार्यों को लेकर कई अहम जानकारियां साझा की और भविष्य की योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की। डीआरएम ने कहा कि रेलवे का मुख्य उद्देश्य सभी स्वीकृत परियोजनाओं को तय समयसीमा के भीतर पूरा करना है। उन्होंने बताया कि वर्तमान प्रगति को देखते हुए जुलाई 2026 तक कोचिंग डिपो का निर्माण कार्य पूरा कर इसे चालू कर दिया जाएगा। इसके शुरू होते ही गोड्डा को एक स्टेबलिंग लाइन की सुविधा मिलेगी, जो ट्रेनों के संचालन के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि अभी ट्रेनों के रैक मेंटेनेंस के लिए भागलपुर भेजे जाते हैं, लेकिन वाशिंग पिट चालू होने के बाद यह प्रक्रिया गोड्डा में ही संभव हो जाएगी। इससे न केवल समय और संसाधनों की बचत होगी, बल्कि गोड्डा से नई ट्रेनों के संचालन की संभावनाएं भी बढ़ेंगी। स्टेशन की वर्तमान स्थिति पर बात करते हुए डीआरएम ने कहा कि गोड्डा अब अमृत भारत स्टेशन के रूप में अपनी आधुनिक पहचान बना चुका है। यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए स्टेशन पर बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वच्छता और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिनमें आने वाले समय में और भी सुधार किया जाएगा। रेल लाइन विस्तार को लेकर उन्होंने बताया कि गोड्डा पीरपैंती रेल सेक्शन पर तेजी से कार्य चल रहा है और इसे वर्ष 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। गोड्डा-पाकुड़ रेल लाइन की डीपीआर रेलवे बोर्ड तक पहुंच चुकी है। जिसे लेकर सकारात्मक संकेत मिल रहे हैं। इस रूट का दोहरीकरण पूरा होने के बाद यहां से अधिक ट्रेनों का संचालन संभव होगा। इससे आने वाले वर्षों में गोड्डा एक महत्वपूर्ण रेल हब के रूप में उभर सकता है। निरीक्षण के दौरान डीआरएम के साथ मालदा मंडल के कई वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।



