
काली मंदिर रोड, तुलसी मार्ग व थाना रोड में फुटपाथ पर खड़े वाहनों से लग रहा जाम
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
सिंगरौली। जिला मुख्यालय वैढ़न के मुख्य मार्केट एरिया काली मंदिर रोड और तुलसी मार्ग में पार्किंग के अभाव में जाम जैसी समस्या लगातार बनी रहती है, वैसी ही दुर्दशा अब थाना रोड पर भी बनने लगी है। दरअसल, थाना रोड में भी पार्किंग की कोई व्यवस्था नहीं है। ऐसे में इस मार्ग संचालित मेडिकल सेंटर्स से लेकर शॉपिंग मॉल आदि में रोजाना सुबह से लेकर रात तक जो भीड़ उमड़ती है, उनके वाहन सड़कों पर ही खड़े कर दिये जाते हैं। एक तो ये रोड भी काफी संकरी है और उस पर इसके दोनों लेन के आधे हिस्से में जब दोपहिया वाहनों की कतार से लेकर चारपहिया या उससे भी बड़े वाहन, एम्बुलेंस आदि खड़ी हो जाती हैं, तो सड़क से दूसरे वाहनों की आवाजाही प्रभावित हो जाती है। इसके कारण इस मार्ग पर जाम लगता रहता है।
थाना रोड में मेडिकल प्रतिष्ठानों की बहुतायत
दरअसल, इस क्षेत्र में जिला अस्पताल के शिफ्ट होने के बाद से इधर मेडिकल से जुड़े संस्थानों की बाढ़ सी आ गई है। खासकर थाना रोड में तो इतने सारे मेडिकल स्टोर्स, जांच केन्द्र और क्लीनिक आदि संचालित हो गये हैं कि उनमें सुबह से लेकर देर शाम तक लोगों की भीड़ उमड़ी रहती है। जाहिर है कि जब लोग आयेंगे तो उनके साथ उनके वाहन भी होंगे और एम्बुलेंस भी होंगी, जिन्हें लोग कोई व्यवस्थित पार्किंग न होने के कारण सड़क पर ही दुकानों के सामने ही खड़ा कर देते हैं।
जनता के साथ पुलिस का भी सिरदर्द बढ़ा रहे
इस मार्ग में नगर निगम के द्वारा पार्किंग के लिए न तो व्यावसायिक भवनों और न ही अन्यत्र कोई इंतजाम किये गये जाने से सड़क पर जाम की गंभीर समस्या अभी से खड़ी होने लगी है। इसका सीधा खामियाजा आम जनता तो भुगत ही रही है और इससे असुरक्षा भी बढ़ रही है। ये सभी हालात स्थानीय पुलिस व ट्रैफिक पुलिस के लिए भी नई मुसीबत बनते जा रहे हैं। कुल मिलाकर ये कहना भी गलत नहीं होगा कि निगम की ऐसी अनदेखियों के कारण पुलिस का सिरदर्द बढ़ रहा है जिसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
भवनों में नहीं बनी पार्किंग व्यवस्था
अहम बात ये है कि इस मार्ग पर अधिकांशतः भवनों का निर्माण पिछले करीब 4-5 साल के भीतर काफी तेजी से हुआ है। ज्यादातर भवन व्यावसायिक हैं और इनमें नियमों के तहत कायदे से बेसमेंट में पार्किंग की व्यवस्था दी जानी चाहिए, लेकिन शायद ही कोई भवन होगा, जिसके बेसमेंट में पार्किंग की व्यवस्था दी गई होगी। बेसमेंट में लगभग सभी अपने निजी व व्यावसायिक गतिविधियां धड़ल्ले से चला रहे हैं, जबकि कायदे से नगर निगम को शुरुआत आत में इन भवनों के निर्माण के दौरान ही इन सभी को बेसमेंट में पार्किंग बनाने के लिए निर्देशित किया जाना चाहिए था, लेकिन नगर निगम के जिम्मेदार पहले और अब भी आंख बंद किये बैठे हैं।




