ललितपुर
राजघाट रोड के दस गांवों में ग्रामसभा की जमीनों पर अवैध दुकान व मकान निर्माण
जिला बार एसोशियेशन ने लगाए आरोप, डीएम को पत्र सौंपकर जांच कर कार्यवाही की उठायी मांग
नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
ललितपुर। मध्य प्रदेश से जोडऩे वाली सड़क के किनारे बसे ग्रामीण अंचलों के प्रभावशाली लोगों ने रोड कंट्रोल एक्ट के तहत बिना अनुमति पीडब्ल्युडी की हद में कई मकान व दुकानें निर्मित कर ली हैं, जिससे आवागमन में लोगों को भारी परेशानियां उठानी पड़ रहीं हैं। इस सम्बन्ध में जिला बार एसोशियेशन ने एक पत्र जिलाधिकारी को भेजा है। ज्ञापन में बताया कि ललितपुर से राजघाट होते हुये मध्य प्रदेश के जिला अशोकनगर के चन्देरी को जोडऩे वाला एक मात्र मार्ग है। इस मार्ग पर स्थित ललितपुर शहर, सिवनी, सिलगन, रावगढ़, गनगौरा, टौरिया, मड़वारी, काला-पहाड़, चौंरसिल व राजघाट इत्यादि बसे हुये हैं। यहां रहने वाले लोगों ने सार्वजनिक निर्माण विभाग द्वारा रोड कंट्रोल एक्ट के अनुमति लिये ही पीडब्ल्युडी की जमीनों पर मकान व दुकानें निर्माण कर ली हैं। उक्त निर्माण के चलते आने-जाने वाले लोगों को परेशानियां उठानी पड़ रहीं हैं। इसके अलावा इसी कारणों के चलते कई बार कई लोगों को अपनी जान भी गंवानी पड़ी है। एसोशियेशन ने ललितपुर से राजघाट तक जो भी अवैध रूप से निर्मित दुकानें व मकान निर्मित हैं, उसके खिलाफ किसी सक्षम अधिकारी से जांच कराकर कार्यवाही कर अवैध निर्माण को गिराये जाने की मांग उठायी गयी है। इसके अलावा गांव के बस स्टेण्ड पर भी ग्रामसभा की जमीन पर गांव के लोगों ने बहुमूल्य कीमती जमीन पर दुकान व मकान बनाकर निवास कर रहे हैं, उनकी भी नायब तहसीलदार की अध्यक्षता में लेखपालों की कमेटी बनाकर जांच करायी जाये। इसके अलावा उन्होंने छह सूत्रीय मांगों को भी लिखित रूप से उठाया। एसोशियेशन ने जिलाधिकारी से तत्काल ग्रामों की ग्रामसभा की जमीनों पर किये गये मकान व दुकानें निर्माण की जांच व ललितपुर से राजघाट तक जाने वाली सड़क पर सार्वजनिक निर्माण विभाग से बिना अनुमति के जो भी मकान व दुकानें निर्मित की गयी हैं, उनकी जांच कराकर कार्यवाही की जाये। ज्ञापन पर अध्यक्ष हरीराम राजपूत एड. के हस्ताक्षर अंकित बताये गये हैं।



