पीएम मोदी बोले: टीएमसी की निर्ममता ने मां को रुलाया
माटी सिंडिकेट के हवाले और बंगाल के मानुष पलायन को मजबूर

पश्चिम बंगाल। पीएम मोदी ने पश्चिम बंगाल के बनगांव में जनसभा को संबोधित किया है। उन्होंने इस दौरान कहा कि आज, बनगांव से, मैं घुसपैठियों को कड़ी चेतावनी देना चाहता हूं। जो भी अवैध रूप से बंगाल में दाखिल हुआ है, या जो जाली दस्तावेजों के साथ यहां रह रहा है, उसे 29 अप्रैल से पहले बंगाल और भारत छोड़ देना चाहिए। अन्यथा, 4 मई के बाद, हर घुसपैठिए को बाहर निकाल दिया जाएगा। टीएमसी अब किसी भी घुसपैठिए को संरक्षण नहीं दे पाएगी।
पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण के लिए सभी राजनीतिक दल प्रचार में जुटे हैं। इसी कड़ी में पीएम मोदी ने आज राज्य बनगांव में एक जनसभा को संबोधित किया है। पीएम मोदी ने इस दौरान राज्य की सत्ता धारी दल तृणमूल कांग्रेस और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधा है। उन्होंने आगे कहा, ‘बंगाल का ये चुनाव अब अंतिम चरण में है, लेकिन आपने एक बात नोटिस की होगी, 15 साल पहले टीएमसी मां, माटी, मानुष की बातें करके सत्ता में आई थी, लेकिन अब इनके मुंह से मां, माटी, मानुष ये शब्द तक नहीं निकलते। आखिर क्यों? क्या कारण है? ये टीएमसी वाले अगर मां, माटी, मानुष की याद दिलाएंगे तो इनके पाप सामने आ जाएंगे। टीएमसी की निर्ममता ने मां को रुला दिया, माटी को सिंडिकेट और घुसपैठियों के हवाले कर दिया और बंगाल के मानुष को पलायन के लिए मजबूर कर दिया।
पीएम मोदी ने इस दौरान कहा कि बंगाल के पास सब कुछ है। बंगाल के लोगों के पास सामर्थ्य भरपूर है, इसलिए बंगाल फिर से देश का नंबर वन राज्य बन सकता है। हमें बस नेताजी सुभाष चंद्र बोस के आह्वान को याद रखना है। नेताजी ने कहा था, तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आजादी दूंगा। नेताजी के इस आह्वान पर देशवासियों ने अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। आज बंगाल को आपके एक वोट की जरूरत है। आप हमें अपना आशीर्वाद दीजिए, अपना वोट दीजिए, हम आपको टीएमसी से आजादी दिलाएंगे। इस दौरान पीएम मोदी ने कहा, आजादी, टीएमसी के महाजंगलराज से, आजादी, टीएमसी के भय से, आजादी, टीएमसी के भ्रष्टाचार से, आजादी, बेटियों पर अत्याचार से, आजादी, बेकारी और बेरोजगारी से, आजादी, लुटती भर्ती परीक्षाओं से, आजादी, घुसपैठियों के कब्जे से, आजादी, गुंडों और मस्तानों से।
संदेशखाली का पीएम मोदी ने किया जिक्र- पीएम मोदी ने सत्ता धारी दल पर निशाना साधते हुए कहा कि टीएमसी के महाजंगलराज की सबसे बड़ी पीड़ित हमारी बहनें और बेटियां हैं। बहनों के साथ सबसे बड़ा धोखा हुआ है, इसलिए इस बार सबसे अधिक गुस्सा बहनों में ही दिख रहा है। संदेशखाली में बहनों के साथ गुंडे अन्याय करते रहे। टीएमसी की निर्मम सरकार गुंडों का साथ देती रही। यहां बहनों को ही गाली दी गई। बंगाल के भाइयों और बहनों, इसे कभी भी भूलना नहीं है।
पीएम मोदी ने गिनवाईं भाजपा की योजनाएं
प्रधानमंत्री ने इस दौरान भाजपा की योजनाओं का जिक्र किया। उन्होंने कहा- भाजपा सरकार में यहां बंगाल की बहनों को अपनी बीमारी का इलाज टालने की जरूरत नहीं पड़ेगी। हमारी सरकार आपको पांच लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज देगी। जन औषधि केंद्र पर 80 प्रतिशत डिस्काउंट पर दवा दी जाएगी। ब्रेस्ट कैंसर और सर्वाइकल कैंसर की जांच और टीका मुफ्त लगाया जाएगा। साथ ही गर्भावस्था के दौरान ?21,000 और ग्रेजुएशन के लिए बेटियों को ?50,000 की मदद भाजपा सरकार देने वाली है। यानी बेटियों की पढ़ाई और दवाई, इसकी चिंता भाजपा सरकार करेगी। बंगाल की भाजपा सरकार हर साल ?36,000 बहनों के खाते में जमा करेगी। आंगनवाड़ी हो, अन्य महिला हेल्थ वर्कर हो, उनके वेतन को लेकर बंगाल भाजपा ने बड़ी घोषणा की है। बंगाल भाजपा ने बेटियों को सरकारी नौकरी में 33 प्रतिशत आरक्षण का भरोसा दिया है। यानी भाजपा की डबल इंजन सरकार से बंगाल की बहनों और बेटियों को डबल फायदा होगा।
सभी शरणार्थी परिवारों को मिलेगी नागरिकता- पीएम मोदी
जनसभा को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा- जैसे गंगाजी का उद्गम स्थल गंगोत्री है, वैसे ही भाजपा का उद्गम जनसंघ है और जनसंघ का उद्गम बंगाल से हुआ है। पहले लोकसभा चुनाव में बंगाल ने जनसंघ का खाता खोला था। तब कोलकाता से डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी जीते थे। मैं मतुआ-नामशूद्र और अन्य सभी शरणार्थी परिवारों से कहूंगा… आपको नागरिकता भी मिलेगी, आपको पक्का पता मिलेगा, आपको हर वो कागज मिलेगा, हर वो हक मिलेगा, जो किसी भी भारतवासी को मिलता है। ये मोदी की गारंटी है।
पीएम मोदी ने मतुआ संप्रदाय के मुख्य मंदिर में पूजा-अर्चना की
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के ठाकुरनगर में मतुआ महासंघ के मुख्य मंदिर ठाकुरबाड़ी में पूजा-अर्चना की। पीएम मोदी ने चुनावी रैली से पहले समुदाय के मुख्यालय में उनका यह दौरा, जहां संप्रदाय के संस्थापक हरि चंद और गुरु चंद ठाकुर के मंदिर स्थित हैं, मतुआ मतदाताओं तक पहुंचने का एक प्रयास माना जा रहा है। ये मतदाता कम से कम 34 विधानसभा सीटों और बांग्लादेश सीमा से लगे दो दर्जन अन्य क्षेत्रों को सीधे तौर पर प्रभावित करते हैं। 19वीं शताब्दी में हरि चंद ठाकुर द्वारा स्थापित मतुआ महासंघ एक सामाजिक-धार्मिक आंदोलन है जिसने ऐतिहासिक रूप से शिक्षा और सामाजिक सुधार के माध्यम से नामासुद्र समुदाय के उत्थान के लिए काम किया है। पीएम मोदी ने 2019 में ठाकुरनगर मंदिर का दौरा किया था और 2021 में बांग्लादेश के ओराकंडी में भी श्रद्धांजलि अर्पित की थी।
पीएम मोदी ने बोरो मां को किया याद
इसके बाद पीएम मोदी ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा आज जब मैं मतुआ ठाकुर मंदिर में था, तो मुझे कुछ साल पहले इस मंदिर में की गई अपनी पिछली यात्रा याद आ गई, जब मैंने बोरो मां बिनपानी ठाकुर का आशीर्वाद प्राप्त किया था। यह उस यात्रा की एक तस्वीर है।



