बागपत
थाना छपरौली में युवती ने क्राइम इंस्पेक्टर समेत पुलिसकर्मियों पर मारपीट
अश्लीलता और जातिसूचक टिप्पणी के गंभीर आरोप लगाए

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
बागपत। थाना छपरौली क्षेत्र की एक युवती ने थाना परिसर में क्राइम इंस्पेक्टर, महिला पुलिसकर्मी और अन्य पुलिसकर्मियों पर मारपीट, अभद्र व्यवहार, अश्लील टिप्पणियां, जातिसूचक शब्दों के प्रयोग तथा मानसिक उत्पीड़न जैसे गंभीर आरोप लगाते हुए उच्चाधिकारियों को प्रार्थना पत्र सौंपकर न्याय की गुहार लगाई है।
पीड़िता सोनम पुत्री बहादुर राणा निवासी पट्टी धनकोशिया, कस्बा छपरौली ने दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि उसकी सहेली कीर्ति 5 मई 2026 को कहीं चली गई थी, जो उसका मोबाइल फोन भी साथ ले गई थी। कीर्ति के परिजनों द्वारा गुमशुदगी की सूचना थाना छपरौली में दी गई थी। इसी मामले में पूछताछ के लिए सोनम को 6 मई को थाना बुलाया गया।
पीड़िता का आरोप है कि पूछताछ के दौरान महिला इंचार्ज को उसने पूरी जानकारी दी, लेकिन इसके बाद क्राइम इंस्पेक्टर अश्वनी कुमार ने उसके साथ अभद्र व्यवहार करते हुए गाली-गलौज शुरू कर दी और करीब 25 से 30 थप्पड़ मारे, जिससे उसे चक्कर आने लगे।
युवती ने आरोप लगाया कि इसके बाद उसे कैमरे से बचाते हुए घसीटकर शौचालय में ले जाया गया, जहां उसके साथ अमानवीय व्यवहार किया गया। आरोप है कि वहां मौजूद अन्य पुलिसकर्मियों ने भी अश्लील बातें कीं, जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया और उसके चरित्र पर आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं।
प्रार्थना पत्र में यह भी आरोप लगाया गया है कि थाना परिसर में मौजूद सूरज नामक व्यक्ति, जो कथित रूप से थाने में रहकर दलाली करता है, ने उसकी मां को भी धमकाते हुए कहा कि “अब तेरा भी इलाज थाने में होगा।”
पीड़िता ने कहा कि घटना के बाद वह मानसिक तनाव और भय में है। उसने चेतावनी दी कि यदि दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ निष्पक्ष जांच कर कठोर कार्रवाई नहीं की गई तो किसी भी अप्रिय घटना की जिम्मेदारी संबंधित पुलिसकर्मियों और विभाग की होगी।
युवती ने उच्चाधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। मामला सामने आने के बाद क्षेत्र में चर्चा तेज हो गई है।



