मतदाता सूची को शुद्ध, समावेशी एवं अद्यतन बनाने में बीएलओ की भूमिका महत्वपूर्ण- उपायुक्त मेघा भारद्वाज
The role of BLOs is crucial in making the electoral roll accurate, inclusive, and up-to-date – Deputy Commissioner Megha Bhardwaj.

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
पाकुड़। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)-2026 के सफल एवं प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर सदर प्रखंड सह अंचल कार्यालय, पाकुड़ के सभागार तथा नगर परिषद कार्यालय सभागार में बीएलओ एवं बीएलओ सुपरवाइजरों के लिए दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने की। प्रशिक्षण के दौरान निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित दिशा-निर्देशों एवं प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। प्रतिभागियों को घर-घर सत्यापन, गणना प्रपत्रों के संकलन एवं सत्यापन, पात्र मतदाताओं के नाम जोड़ने, मृत एवं स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाने, निर्वाचक नामावली में त्रुटियों के संशोधन तथा विशेष गहन पुनरीक्षण से संबंधित विभिन्न प्रक्रियाओं का प्रशिक्षण दिया गया। उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने कहा कि मतदाता सूची लोकतांत्रिक व्यवस्था की आधारशिला है। स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं पारदर्शी चुनाव की सफलता शुद्ध एवं अद्यतन मतदाता सूची पर निर्भर करती है। उन्होंने सभी बीएलओ एवं सुपरवाइजरों को निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन करते हुए निर्धारित समयसीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण एवं त्रुटिरहित कार्य सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने बताया कि यदि किसी मतदाता का नाम दो अलग-अलग स्थानों की मतदाता सूची में दर्ज पाया जाता है तो संबंधित बीएलओ द्वारा सत्यापन कर आवश्यक प्रपत्र भरवाया जाएगा। वहीं मृत अथवा स्थायी रूप से स्थानांतरित मतदाताओं के मामलों में स्थानीय स्तर पर जांच एवं सत्यापन के बाद आवश्यक कार्रवाई की जायेगी। उपायुक्त ने कहा कि बीएलओ द्वारा अनमैप्ड वोटर सूची में एएसडीडी (Absent, Shifted, Dead and Duplicate) श्रेणी के मतदाताओं की पहचान की जाएगी। इसके बाद संबंधित मतदान केंद्रों पर राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट (बीएलए-2) के समक्ष सूची प्रस्तुत कर सत्यापन कराया जाएगा तथा अनुमोदन एवं हस्ताक्षर प्राप्त किए जाएंगे। बैठक की कार्यवाही एवं फोटोग्राफ निर्वाचन आयोग के पोर्टल पर अपलोड किए जायेंगे। उन्होंने जानकारी दी कि एएसडीडी सूची का प्रकाशन सभी मतदान केंद्रों, पंचायत भवनों, शहरी स्थानीय निकाय कार्यालयों एवं प्रखंड कार्यालयों में किया जाएगा। साथ ही इसे जिला निर्वाचन पदाधिकारी एवं मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी की वेबसाइट पर खोज योग्य प्रारूप में उपलब्ध कराया जाएगा। एएसडीडी सूची में शामिल मतदाताओं के नाम प्रारूप निर्वाचक नामावली में शामिल नहीं किए जाएंगे तथा निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी सूची की शुद्धता सुनिश्चित करेंगे। प्रशिक्षण कार्यक्रम में मास्टर ट्रेनरों ने विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर)- 2026 से संबंधित तकनीकी एवं प्रक्रियागत पहलुओं की जानकारी दी। इस दौरान प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का समाधान भी किया गया। गौरतलब है कि एसआईआर- 2026 के सफल क्रियान्वयन के लिए पाकुड़ जिले के सभी प्रखंडों में बीएलओ एवं बीएलओ सुपरवाइजरों हेतु दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इस अवसर पर उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता, उप निर्वाचन पदाधिकारी, अंचलाधिकारी पाकुड़, कार्यपालक पदाधिकारी नगर परिषद पाकुड़, बीएलओ सुपरवाइजर, बीएलओ तथा निर्वाचन कार्य से जुड़े अन्य पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।



