झूठ की दुकान चलाने वाले लोनी विधायक को आने वाले समय में चपरासी भी नहीं पूछेगा’: मनोज धामा
पूर्व चेयरमैन ने विधायक पर लगाए विकास कार्यों की अनदेखी, बिजली संकट और अधिकारियों पर दबाव बनाने के आरोप, कहा ,मौजूदा विधायक मैदान में उतरे तो मैं भी लड़ूंगा चुनाव

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो।
लोनी गाजियाबाद : लोनी विधानसभा क्षेत्र की बदहाल सड़कों, जलभराव, बिजली संकट और कथित तौर पर ठप विकास कार्यों को लेकर विधायक और पूर्व चेयरमैन के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज होती जा रही है। लोनी नगर पालिका परिषद के पूर्व अध्यक्ष मनोज धामा ने मौजूदा विधायक पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि विधायक द्वारा लोनी को लंदन बनाने के दावे करते हुए खोखले सब्ज बाग दिखाएं गये थे, लेकिन आज क्षेत्र में हालात इसके बिल्कुल विपरीत हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि विधायक के खोखले वादों और कार्यशैली से जनता पूरी तरह ऊब चुकी है।
बैहटा हाजीपुर नहर स्थित अपने कैंप कार्यालय पर आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में पत्रकारों से बातचीत करते हुए मनोज धामा ने कहा, “विधायक के कार्यकाल के अब करीब तीन माह शेष रह गए हैं। इसके बाद किसी विभागीय अधिकारी की तो दूर की बात है, उन्हें क्षेत्र में कोई चपरासी भी नहीं पूछेगा।” उन्होंने कहा कि आने वाले समय में जनता ही राजनीतिक रूप से इसका करारा जवाब देगी।
बिजली संकट को लेकर विधायक पर निशाना
पूर्व चेयरमैन ने कहा कि लोनी में कॉलेज, अस्पताल, सड़क, बिजलीघर और मजबूत सुरक्षा व्यवस्था जैसे बड़े-बड़े दावे किए जाते रहे हैं, लेकिन जमीनी स्थिति इसके पूरी तरह से अलग है। उन्होंने आरोप लगाया कि क्षेत्र में बिजली आपूर्ति की स्थिति बेहद खराब है और कई इलाकों में घंटों तक बिजली गुल रहने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने दावा किया कि कुछ क्षेत्रों में कथित तौर पर कई-कई दिनों तक बिजली आपूर्ति बाधित रहती है। “जनता बिजली संकट से त्राहि-त्राहि कर रही है, लेकिन विधायक को यह समस्या दिखाई नहीं दे रही,” उन्होंने कहा।
‘8.30 करोड़ रुपये मिलने की बात महज अफवाह’
विकास कार्यों के लिए 8.30 करोड़ रुपये मिलने से संबंधित सवाल पर मनोज धामा ने इसे अफवाह बताते हुए कहा कि विधायक हर विकास कार्य का श्रेय स्वयं लेने का प्रयास करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि विधायक का काम सुबह से शाम तक जनता को झूठे दावों के जरिए गुमराह करना रह गया है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि विधायक जब भी कोई राजनीतिक बयान देते हैं तो उनके और उनकी पत्नी के नाम का उल्लेख किए बिना उनकी बात पूरी नहीं होती। धामा ने कहा, “उनकी राजनीति हमारे इर्द-गिर्द घूमती है। जनता से हमें मिलने वाले सम्मान और समर्थन को देखकर वह बौखला चुके हैं।”
‘300 करोड़ के घोटाले का आरोप सिद्ध करें, वरना करुंगा मानहानि का दावा’
नगर पालिका में 300 करोड़ रुपये के कथित घोटाले को लेकर विधायक द्वारा उनके खिलाफ एफआईआर की बात किए जाने पर मनोज धामा ने चुनौती देते हुए कहा कि यदि विधायक के पास घोटाले से सम्बंधित कोई प्रमाण है तो उसे सार्वजनिक करें और अपने आरोप सिद्ध करें। उन्होंने कहा कि यदि आरोप साबित नहीं किए जाते हैं तो वह जल्द ही मानहानि का दावा करने की तैयारी कर रहे हैं।
भाजपा कार्यकर्ताओं के उत्पीड़न का लगाया आरोप
पूर्व चेयरमैन ने विधायक पर भाजपा के विभिन्न वर्गों से जुड़े कार्यकर्ताओं के कथित उत्पीड़न का भी आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंडी, कश्यप, हरिजन, ब्राह्मण, बनिया और जाट सहित विभिन्न बिरादरियों के भाजपा कार्यकर्ताओं को कथित रूप से धमकाने और फर्जी मुकदमों में फंसाने का प्रयास किया गया।
उन्होंने दावा किया कि “समय आने पर यही कार्यकर्ता विधायक को राजनीतिक रूप से धराशायी करने का काम करेंगे।” धामा ने यहां तक दावा किया कि लोनी विधानसभा क्षेत्र के करीब 90 प्रतिशत भाजपा कार्यकर्ता मौजूदा विधायक के खिलाफ हैं।
नगर पालिका के संसाधनों पर भी उठाए सवाल
नगर पालिका द्वारा करीब 6.30 करोड़ रुपये खर्च कर नालों के निर्माण और उन पर जाल लगवाने से जुड़े सवाल पर मनोज धामा ने कहा कि नगर पालिका के पास हमेशा संसाधनों की कमी रही है। उन्होंने कहा कि उपलब्ध बजट से नालियों, खड़ंजों, प्रकाश व्यवस्था, कर्मचारियों के वेतन और सफाई समेत कई आवश्यक कार्य पूरे करने होते हैं।
उन्होंने कहा कि लोनी जैसे बड़े क्षेत्र के लिए मौजूदा संसाधन पर्याप्त नहीं हैं और व्यापक विकास के लिए लगभग 20 हजार करोड़ रुपये की आवश्यकता है। उनके अनुसार, इतने बड़े बजट के बिना क्षेत्र की मूलभूत समस्याओं का स्थायी समाधान मुश्किल है।
जल निकासी को लेकर ‘एक व्यक्ति’ पर निशाना
जलभराव और जल निकासी की समस्या पर बिना नाम लिए मनोज धामा ने आरोप लगाया कि “केवल एक व्यक्ति के कारण आज लोनी के हालात इतने खराब हैं।”
उन्होंने दावा किया कि लोनी के टोली मोहल्ले से रेलवे स्टेशन, संगम विहार, इंदिरापुरी और शांति नगर होते हुए दिल्ली क्षेत्र में जाने वाले नाले को कथित तौर पर पाटकर बेहद संकरा कर दिया गया है। उनके अनुसार, नाले की क्षमता कम होने के कारण बारिश के दौरान पानी की निकासी प्रभावित होती है और कई इलाकों में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो जाती है।
‘चहेते अधिकारियों को नगर पालिका में जमाए रखा गया’
मनोज धामा ने आरोप लगाया कि लोनी में नगर पालिका से जुड़े मामलों में विधायक का हस्तक्षेप लगातार रहा है। उन्होंने कहा कि विधायक द्वारा कथित तौर पर अपने पसंदीदा अधिकारियों को ही नगर पालिका में बनाए रखने का प्रयास किया गया और जो अधिकारी उनकी बात नहीं मानते थे, उन्हें हटवाने का दबाव बनाया जाता था।
उन्होंने सफाई व्यवस्था को लेकर भी बिना किसी का नाम लिए कहा कि लोनी में सफाई और अन्य व्यवस्थाओं की बदहाली के पीछे “एक व्यक्ति का हाथ है, जिसे सब जानते हैं।”
2027 चुनाव पर बोले—‘विधायक लड़े तो एक लाख प्रतिशत मैदान में उतरूंगा’
आगामी विधानसभा चुनाव 2027 में उनकी भूमिका को लेकर पूछे गए सवाल पर मनोज धामा ने कहा कि जनता से मिल रहे प्यार और समर्थन को देखते हुए उन्हें चुनाव लड़ने के बारे में विचार करना चाहिए।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा, “यदि मौजूदा विधायक आगामी विधानसभा चुनाव लड़ते हैं तो मैं एक लाख प्रतिशत चुनाव लड़ूंगा।”
पूर्व चेयरमैन के इस बयान के बाद लोनी की राजनीति में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर चर्चाएं और तेज हो गई हैं। हालांकि चुनाव में अंतिम रूप से कौन मैदान में होगा, इसका फैसला राजनीतिक दलों द्वारा प्रत्याशियों की घोषणा के बाद ही स्पष्ट होगा।

