बरेली

राष्ट्रीय मानव सेवा संस्थान ट्रस्ट द्वारा मनाया गया वीर महाराणा प्रताप का बलिदान दिवस                                     

नेशनल प्रेस टाइम्स ,ब्यूरो                 

बरेली : राष्ट्रीय मानव सेवा संस्थान ट्रस्ट रजि. भारत ने वीर महाराणा प्रताप जी का बलिदान दिवस जिला अस्पताल बरेली में महाराणा प्रताप को श्रद्धा भाव से पुष्पांजलि देकर मनाया इस मौके पर संस्थान की राष्ट्रीय अध्यक्ष बिंदु इशिका सिंघानिया नें बताया वीर योद्धा महाराणा प्रताप मेवाड़ के सिसोदिया राजवंश के महान राजा थे जो अपनी वीरता, बलिदान और मुगल बादशाह अकबर की अधीनता स्वीकार न करने के लिए प्रसिद्ध है महाराणा प्रताप जी का जन्म 9 मई 1540 को कुंभगढ़में हुआ और उन्होंने हल्दीघाटी और दिवेर जैसे महत्वपूर्ण युद्ध लड़े, और 19 जनवरी 1557 में अपनी नई राजधानी चावण्ड मैं उनकी मृत्यु हो गई राष्ट्रीय महामंत्री नरेंद्र पाल ने कहा आज के युग में महाराणा प्रताप जैसे महा योद्धा होना बहुत कठिन है उदयपुर से लगभग 84 किलोमीटर दूर राजस्थान के राजमंद जिले में स्थित कुंभगढ़ किला, राजपूत सैन्य वास्तुकला का एक अद्भुत उदाहरण है यह किला अपनी शानदार 36 किमी लंबी, सुरक्षात्मक दीवार के लिए जाना जाता है कि यह दीवार चीन की महान दीवार के बाद दुनिया की सबसे लंबी दीवार मेवाड़ के शासक देशभक्ति और गुलाम सम्राट अकबर से राज्य की रक्षा की दृढ़ इच्छा शक्ति के लिए महाराणा प्रताप जाने जाते थे परंतु दुर्भाग्य से उनके 11 वर्ष के बाद ही इसको 19 जनवरी 1557 में उनकी मृत्यु हो गई मैं उनको सत् सत् नमन करता हूं राष्ट्रीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष पवन निहालनी मैं महाराणा प्रताप पर प्रकाश डालते हुए बताया भारतीय इतिहास के सबसे बड़े वीर और सम्मानित राज्यों में से एक राजा महाराणा प्रताप थे 1582 के दवेर युद्ध में उन्होंने मुगल सेना को करारी शिकस्त की जिससे मेवाड़ का अधिकांश भाग पुनः स्वतंत्र हो गया महाराणा प्रताप बलिदान दिवस कार्यक्रम में राष्ट्रीय मानव सेवा संस्थान की राष्ट्रीय अध्यक्ष बिंदु इशिका सिंघानिया, राष्ट्रीय महामंत्री नरेंद्र पाल, राष्ट्रीय वरिष्ठ उपाध्यक्ष पवन निहालानी, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मुकेश मेहंदीरत्ता, संरक्षक भारतेंदु सिंह, जे. आर गुप्ता, डॉ अखिलेश गुप्ता, आर्यन प्रताप सिंह, राकेश मौर्य, लाखन सिंह, देवेंद्र सिंह चौहान, अशोक संघर्ष, नरेंद्र सिंह पंवार, उग्रसेन सिंह, जगदीश सिंह, राकेश रावत, आदि कार्यकर्ता मौजूद रहे !

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