भरत पुर
महिलाओं को हिरासत में लेने पर ग्रामीणों में आक्रोश

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो
भरतपुर। राजस्थान के भरतपुर में रूपवास थाना इलाके के बिनउआ और जरेला गांव के पास गुरुवार दोपहर शराब का गोदाम बताये जा रहे एक खोखानुमा लोहे के कन्टेनर में लगी आग के मामले में पुलिस द्वारा अनेक महिलाओं को हिरासत में लिए जाने से ग्रामीणों में आक्रोश फैल जाने की जानकारी प्राप्त हुई है। गौरतलब है कि गोदाम में लगी आग के मामले में ग्रामीणों ने आगजनी की घटना से उनका किसी भी तरह का कोई सरोकार होने से इंकार करते ठेका कर्मचारियों को आगजनी के लिए जुम्मेदार बताया है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने आग नहीं लगाई और यह घटना ठेका कर्मचारियों की ओर से की गई है। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि खोखेनुमा लोहे के कंटेनर में संचालित इस शराब के ठेके का ग्रामवासियों की तरफ से किये जा रहे बिरोध को रोकने के लिए शराब ठेकेदार ने आगजनी कर ग्रामीणों को झूठे मुकदमे में फंसाने की साजिश रची है। शराब ठेकेदार के अनुसार इस आगजनी में उसकी करीब 15 लाख की शराब आग की भेंट चढ़ गई। महिलाओं को हिरासत में लिए जाने का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है जिसमे ठेकाकर्मियों की मौजूदगी में पुलिस की तरफ से महिलाओं के साथ नोकझोंक व जोरजबरदस्ती होती नजर आ रही है।



