पाकुड़ में SIR-2026 को लेकर वालंटियरों का जिला स्तरीय प्रशिक्षण, घर-घर होगा मतदाता सत्यापन
District-level training for volunteers regarding SIR-2026 held in Pakur; door-to-door voter verification to be conducted.

नेशनल प्रेस टाइम्स ब्यूरो।
पाकुड़। विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR)-2026 के सफल क्रियान्वयन को लेकर शनिवार को रविन्द्र भवन टाउन हॉल, पाकुड़ में जिला स्तरीय वालंटियर प्रशिक्षण एवं जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों के निर्वाची पदाधिकारी, सहायक निर्वाची पदाधिकारी, बीएलओ तथा वालंटियर शामिल हुए। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त मेघा भारद्वाज ने कहा कि SIR-2026 का उद्देश्य मतदाता सूची को शुद्ध, अद्यतन एवं प्रमाणिक बनाना है। उन्होंने बताया कि वालंटियर बीएलओ के साथ मिलकर घर-घर जाकर मतदाताओं का सत्यापन करेंगे तथा डिजिटल प्रक्रिया एवं तकनीकी कार्यों में सहयोग देंगे। उपायुक्त ने विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (SSR) और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के बीच अंतर स्पष्ट करते हुए कहा कि SSR में नए मतदाताओं के नाम जोड़ने, मृत या स्थानांतरित मतदाताओं के नाम हटाने और आवश्यक संशोधन किए जाते हैं, जबकि SIR के तहत मतदाता सूची में शामिल प्रत्येक मतदाता का व्यक्तिगत सत्यापन किया जाएगा। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सूची में दर्ज प्रत्येक व्यक्ति भारतीय नागरिक हो तथा निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित पात्रता पूरी करता हो। उन्होंने बताया कि वर्ष 2003 में तैयार सत्यापित मतदाता सूची भी इस प्रक्रिया का महत्वपूर्ण आधार होगी। वर्तमान मतदाताओं का सत्यापन वर्ष 2003 की सूची में दर्ज उनके माता-पिता, दादा-दादी अथवा नाना-नानी के नामों से संबंध स्थापित कर किया जाएगा। जिले में अधिकांश मतदाताओं की प्रारंभिक मैपिंग का कार्य बीएलओ द्वारा पूरा कर लिया गया है।
SIR-2026 की समय- सारणी
30 जून से 29 जुलाई 2026: घर-घर जाकर मतदाता सत्यापन।
05 अगस्त 2026: प्रारूप मतदाता सूची का प्रकाशन।
05 अगस्त से 04 सितंबर 2026: दावे एवं आपत्तियां प्राप्त की जायेंगी।
03 अक्टूबर 2026 तक: दावों एवं आपत्तियों का निपटारा।
07 अक्टूबर 2026: अंतिम मतदाता सूची का प्रकाशन।
प्रशिक्षण के दौरान वालंटियरों को मतदाता सत्यापन की प्रक्रिया, प्रपत्रों के सही संधारण, डिजिटल एंट्री, समयबद्ध कार्य निष्पादन तथा निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुपालन की विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों से अभियान को सफल बनाने के लिए पूरी निष्ठा, निष्पक्षता एवं सक्रिय सहभागिता के साथ कार्य करने का आह्वान किया गया।



