दिल्ली

GI मरीजों में कब इलाज करें और कब रेफर करें, समय पर पहचान जरूरी: डॉ. ए.के. गुप्ता

नेशनल प्रेस टाइम्स, ब्यूरो

नई दिल्ली : होम्योपैथिक मेडिकल एसोसिएशन ऑफ इंडिया (HMAI) की दिल्ली स्टेट ब्रांच ने फोर्टिस हॉस्पिटल, वसंत कुंज के सहयोग से गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल (GI) ओपीडी में छिपी सर्जिकल स्थितियों पर CME और होम्योपैथिक पैनल चर्चा आयोजित की।

सत्र में जनरल, लैप्रोस्कोपिक, मिनिमल एक्सेस और बैरिएट्रिक सर्जरी के विशेषज्ञ डॉ. हेमंत कुमार ने सामान्य GI लक्षणों के पीछे छिपी गंभीर सर्जिकल स्थितियों की पहचान, आवश्यक जांच और सही समय पर उपचार की जरूरत पर चर्चा की।

HMAI के सेक्रेटरी जनरल और AKGsOVIHAMS के निदेशक डॉ. ए.के. गुप्ता ने कहा कि डॉक्टर के लिए यह तय करना बेहद महत्वपूर्ण है कि किसी मरीज का इलाज कंजर्वेटिव तरीके से जारी रखा जाए या उसे सर्जिकल विशेषज्ञ के पास रेफर किया जाए। उन्होंने कहा कि होम्योपैथी की अपनी भूमिका हो सकती है, लेकिन उसकी सीमाओं को पहचानना और जरूरत पड़ने पर समय पर रेफरल करना भी उतना ही जरूरी है।

विशेषज्ञों ने बताया कि लगातार या बार-बार लौटने वाले लक्षण, उपचार के बावजूद पूरी तरह आराम न मिलना, लक्षणों का गंभीर होना, बिना कारण वजन कम होना, निगलने में बढ़ती परेशानी, लगातार उल्टी, खून आना, तेज पेट दर्द, एनीमिया, पेट फूलना, गैस या मल का न निकलना और मल त्याग की आदतों में बदलाव जैसे संकेत सर्जिकल मूल्यांकन की जरूरत की ओर इशारा कर सकते हैं।

चर्चा में एसोफैगस, पेट और आंतों से जुड़ी स्थितियों के उदाहरण दिए गए, जिनमें एकलेशिया कार्डिया, हियाटल हर्निया, जटिल पेप्टिक अल्सर, पित्त की पथरी, पैंक्रियाटाइटिस, आंतों में रुकावट, हर्निया, कोलोरेक्टल कैंसर और जटिल फिस्टुला जैसी स्थितियां शामिल थीं।

पैनल चर्चा में होम्योपैथी की भूमिका, इंटरकरेंट और कॉन्स्टिट्यूशनल उपचार तथा चिकित्सकीय सीमाओं पर भी विचार-विमर्श हुआ। विशेषज्ञों ने इस बात पर जोर दिया कि समग्र चिकित्सा में बीमारी की जल्द पहचान, समय पर रेफरल, आवश्यक इमेजिंग जांच, सर्जरी से पहले और बाद की देखभाल तथा मरीज के पोषण और भावनात्मक स्वास्थ्य पर भी ध्यान देना जरूरी है।

कार्यक्रम की मुख्य सीख रही कि चिकित्सा की कला केवल यह जानना नहीं है कि किसका इलाज करना है, बल्कि यह पहचानना भी है कि कब चिकित्सकीय उपचार जारी न रखकर मरीज को विशेषज्ञ के पास रेफर करना जरूरी है।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button