
नेशनल प्रेस टाइम्स ,ब्यूरो
बरेली। जौहर यूनिवर्सिटी के 38 भवनों के ध्वस्तीकरण आदेश पर मुरादाबाद मंडलायुक्त द्वारा अंतरिम रोक लगाए जाने पर समाजवादी पार्टी ने इसे संविधान और न्यायिक प्रक्रिया की जीत बताया।
जिला अध्यक्ष शुभलेश यादव ने कहा कि यह मुद्दा केवल एक यूनिवर्सिटी का नहीं, बल्कि शिक्षा के अधिकार और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा का है। पार्टी ने 20 जुलाई को सबसे पहले सड़क पर उतरकर विरोध किया। इसके बाद नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडे और सांसदों का प्रतिनिधिमंडल रामपुर पहुंचा।
महानगर अध्यक्ष शमीम खां सुल्तानी ने कहा कि यूनिवर्सिटी हजारों छात्रों के सपनों का केंद्र है। शिक्षा संस्थानों को राजनीति से दूर रखा जाए। विधायक अता उर रहमान ने इसे गरीब, दलित और अल्पसंख्यक छात्रों के भविष्य से जोड़ा।
पूर्व सांसद वीरपाल सिंह यादव ने कहा कि राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर पार्टी ने संवैधानिक तरीके से संघर्ष किया। यह राहत छात्रों के शांतिपूर्ण आंदोलन की भी जीत है।



